मेटा से मिली सूचना पर पुलिस मुख्यालय लखनऊ के निर्देश पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। महज 12 मिनट के भीतर पुलिस ने पहुंचकर 18 वर्षीय छात्र का जीवन बचाया। दरअसल, 29 मार्च 2026 को कक्षा 12 के एक छात्र ने महिला मित्र से दोस्ती टूटने के कारण अवसाद में आत्महत्या संबंधी पोस्ट इंस्टाग्राम पर साझा की। उसने चूहेमार दवा खाते हुए वीडियो पोस्ट किया था। मेटा कंपनी ने रात 8.58 बजे मुख्यालय पुलिस महानिदेशक को ईमेल से चेतावनी भेजी।
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण के निर्देश पर मुख्यालय ने छात्र का स्थान पता कर रायबरेली पुलिस को सूचित किया। थाना मिल एरिया के उप निरीक्षक पुलिसकर्मियों के साथ छात्र के घर पहुंचे। उन्होंने परिजनों को जानकारी दी और छात्र को तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका उपचार हुआ। पुलिसकर्मियों ने पूछताछ की तो छात्र ने बताया कि प्रेम संबंध टूटने से वह अवसाद में था।
पुलिस ने उसका परामर्श किया और भविष्य में ऐसी गलती न करने का आश्वासन लिया। उत्तर प्रदेश पुलिस और मेटा कंपनी के बीच 2022 से यह व्यवस्था प्रचलित है। इसके तहत आत्महत्या संबंधी पोस्ट पर चेतावनी मिलने पर पुलिस कार्रवाई करती है। मिल एरिया थाना प्रभारी संजय कुमार ने बताया कि पुलिस मुख्यालय से मिली सूचना के आधार पर पुलिस मौके पर पहुंचकर छात्र का जीवन बचाया।