लालगंज के आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना के निगमीकरण का विरोध करते कर्मचारी।
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रायबरेली। लालगंज आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना के निगमीकरण के मंगलवार को कर्मचारी और उनके बीवी बच्चों ने बड़ी तादात में विरोध-प्रदर्शन में हिस्सा लिया। यहां पहुंचे डीजी पर्सनल मनोज पांडेय वापस जाओ के नारे लगाते हुए सभी ने प्रशासनिक भवन का घेराव किया। आंदोलित कर्मचारियों को पता चला कि डीजी पर्सनल मनोज पांडेय पहुंच गए हैं।
इस पर आवासीय परिसर में बड़ी संख्या में काले झंडे लेकर कर्मचारी और उनके परिवार के सदस्य मंगलवार सुबह सात बजे ही जमा हो गए। सभी मनोज पांडेय वापस जाओ के नारे लगा रहे थे। निगमीकरण का निर्णय वापस लो के साथ बीच-बीच में मुर्दाबाद के नारे भी लग जा रहे थे। कर्मचारी नेता रितुराज शुक्ला, नैब सिंह, सुशील गुप्ता, राकेश तिवारी, तेजपाल, मथुरालाल मीणा आदि ने साफ लहजे में कहा कि निगमीकरण का निर्णय वापस लेने तक यह आंदोलन इसी प्रकार जारी रहेगा।
काम का समय होते ही कर्मचारी काम पर चले गए और परिवार वापस घरों को आ गए। लंच और अवकाश के समय भी प्रदर्शन हुआ। डीजी पर्सनल मनोज पांडेय और जीएम सुनीत शर्मा ने अन्य अधिकारियों के साथ कर्मचारी नेताओं से दोपहर डेढ़ बजे बातचीत की।एसएसटी एसोसिएशन के नेता रुकमकेश मीना और देवनाथ निर्मल ने पूर्व रेल राज्य मंत्री नारायण भाई राठवा और रेलवे बोर्ड के उच्चाधिकारियों को कारखाने के निगमीकरण को रोकने के लिए ज्ञापन दिया।
डीजी पांडेय ने बताया कि यह मामला उनके विभाग से संबंधित नहीं है। फिर वह उनका ज्ञापन ले रहे हैं और इसे रेलवे बोर्ड के संबंधित उच्च अधिकारियों को पहुंचा देंगे। बैठक में पीसीएमई अनूप कुुमार, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी आरपी शर्मा के अलावा कर्मचारी नेताओं में सुशील गुप्ता, नैब सिंह, रितुराज शुक्ला, रामबरन व हरिकेस और मनोज ओझा शामिल थे।