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48 दिन बाद अस्पतालों में ओपीडी शुरू, जांच के डर से 800 मरीज पहुंचे

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ओपीडी में लोगों का इलाज करते चिकित्सक। - फोटो : RAIBARAILY
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रायबरेली। कोरोना का कहर थमने के बाद शुक्रवार से सीएचसी व पीएचसी में ओपीडी शुरू हो गई। पहले दिन कोरोना की जांच के डर से कम मरीज अस्पताल पहुंचे। जिले में करीब 800 मरीज ही चिकित्सीय सलाह लेने के लिए अस्पतालों में पहुंचे।
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कई मरीजों को गंभीर होने के कारण रेफर भी कर दिया गया। सीएचसी व पीएचसी में फीवर क्लिनिक व फ्लू कार्नर पहले दिन नजर नहीं आए। कोरोना सुरक्षा के नाम पर कोई खास बंदोबस्त भी नहीं किए गए। तमाम लोग अस्पताल में बिना मास्क के भी नजर आए।
जिले में बीती 17 अप्रैल से सरकारी अस्पतालों में इमरजेंसी समेत सभी चिकित्सीय सेवाएं बंद थी। कोरोना का खतरा कम होने के बाद शुक्रवार से जिले की सभी सीएचसी और पीएचसी में ओपीडी शुरू कराई गई।
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सुबह से ही डॉक्टर ओपीडी कक्षों में बैठ गए, लेकिन मरीज एक-एक करके पहुंचे। पहले दिन काफी कम मरीज अस्पताल आए। अस्पतालों में अलग से फीवर क्लीनिक व फ्लू कार्नर स्थापित करने के आदेश थे। यहां कोविड लक्षण युक्त रोगियों की जांच होनी थी, लेकिन पहले दिन इसके लिए बंदोबस्त नजर नहीं आए।
वहीं महराजगंज सीएचसी में शुक्रवार को ओपीडी शुरू हो गई। पहले दिन 60 मरीजों का इलाज किया गया। मरीज राम केवल को एसजीपीजीआई रेफर किया गया। अधीक्षक डॉ. राधाकृष्णनन ने बताया कि ओपीडी में आने वाले मरीजों के लिए पर्याप्त दवाएं उपलब्ध हैं।
ऊंचाहार में शुक्रवार को सीएचसी में ओपीडी शुरू की गई। पहले दिन इलाज करवाने के लिए 86 मरीज पहुंचे। मरीज बुखार, पेट दर्द, नाक कान व गले के इलाज के लिए पहुंचे। इस दौरान डॉ. मो. अख्तर, डॉ. सुनील यादव ने मरीजों को देखा।
अधीक्षक डॉ. एमके शर्मा ने बताया कि ओपीडी शुरू हो गयी। पहले दिन 86 मरीजों का इलाज किया गया है। क्षेत्र की पीएचसी मे 56 मरीजों को दवा दी गई। उधर, बछरावां में 48 दिनों के बाद सीएचसी में ओपीडी शुरू हुई। मात्र 124 मरीज इलाज करवाने पहुंचे।
अधीक्षक डॉ. एके जैसल ने बताया कि 100 मरीजों की कोरोना जांच भी की गई। पीएचसी रामपुरसुदौली में नौ मरीज देखे गए। पीएचसी सेंहगो में 27 मरीज पहुंचे। डॉ. दीपमाला ने नौ महिला मरीजों सहित अन्य मरीजों को देखा।
परशदेपुर में नसीराबाद सीएचसी में शुक्रवार को ओपीडी शुरू हो गई। हालांकि पहले दिन कम मरीज ही इलाज करवाने के लिए पहुंचे। मरीजों में सबसे ज्यादा डायबिटीज के मरीज थे। 38 मरीजों का इलाज हुआ।
पिछवरिया के राधेश्याम को बुखार होने के कारण कोरोना की किट देकर सावधानी बरतने की सलाह दी गई। अशरफपुर निवासी महेसर मधुमेह से पीड़ित थे उनकी जांच करवाकर दवा दी गई।
परैया नमकरसार निवासी श्यामलाल, आरती व राजाराम आदि मरीजों को चिकित्सीय सलाह दी गई। सीएचसी अधीक्षक डॉ. आनंद शंकर ने बताया की काफी दिनों बाद ओपीडी चालू हुई है। अस्पताल में पर्याप्त दवाएं उपलब्ध है।
जिला अस्पताल में सिर्फ सर्जिकल व इमरजेंसी ओपीडी हुई
जिला अस्पताल में शुक्रवार को सामान्य सर्जरी के साथ ही हड्डी रोग विभाग की सर्जरी के लिए ओपीडी हुई। करीब 70 मरीज ओपीडी में शामिल हुए। सर्जन व हड्डी रोग विशेषज्ञों ने मरीजों को चिकित्सीय सलाह दी।
सीएमएस डॉ. एनके श्रीवास्तव ने बताया कि सामान्य मरीजों के लिए जल्द ही ओपीडी आरंभ कराई जाएगी। पहले चरण में मरीजों को ऑपरेशन की सुविधा भी मिलेगी। ओपीडी में पहले दिन ऑपरेशन के लिए मरीजों को सलाह दी गई।
शिवगढ़ सीएचसी में 20 बेड का एल-1 प्लस अस्पताल शुरू
शिवगढ़। विधायक रामनरेश रावत ने सीएचसी पहुंचकर ओपीडी शुरू कराई। इस दौरान विधायक के साथ सीएमओ डॉ. वीरेंद्र सिंह, पूर्व एमएलसी राकेश प्रताप सिंह ने एल-1 प्लस अस्पताल का उद्घाटन किया। विधायक ने कहा कि अब मरीज को इलाज के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। 20 बेड के अस्पताल में पांच आक्सीजन कंसंट्रेटर, पांच ऑक्सीजन सिलेंडर, ऑक्सीमीटर व दवाएं उपलब्ध है। सीएचसी से ही प्रशिक्षित डॉक्टर और पूरे स्टाफ की तैनाती की गई है। विधायक ने अपनी निधि से दो लाख रुपये देने की घोषणा की। अधीक्षक डॉ. राजेश गौतम, डॉ. राजेश कुमार, सौरभ सिंह व अनुराग त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।
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