एमएलसी दिनेश प्रताप सिंह ने बुधवार को अपने निलंबन को बेबुनियाद बताया और इसके लिए सीधे तौर पर सांसद प्रतिनिधि केएल शर्मा को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि शीर्ष नेतृत्व के अदालत से अभी सजा नहीं मिली है।
ये हरकत सांसद प्रतिनिधि के इशारे पर जिलाध्यक्ष वीके शुक्ला ने की है। उन्हें प्रियंका जी का निर्णय स्वीकार होगा। उन्होंने दूसरे दल का दामन थामने के बारे में कहा कि यदि हाईकमान से मुझे न्याय नहीं मिलेगा तो कहीं न कहीं छांव तो ढूंढना ही होगा। वे जिला पंचायत सभागार में बुधवार को पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पदाधिकारियों पर हमला कराने का आरोप गलत है। कांग्रेस अध्यक्ष वीके शुक्ला, अमेठी जिलाध्यक्ष योगेंद्र मिश्रा मुझसे मिलने आए थे। इस दौरान कुछ आक्रोशित लोगोें ने उनके खिलाफ नारेबाजी की। मैंने उन्हें बचाया। यह मेरे आवास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद है, जिसे देखा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि सांसद प्रतिनिधि को उनकी जीत व तरक्की अच्छी नहीं लगती, जिसके वजह से उन्हें बाहर करने का षड़यंत्र रचा जा रहा है, उन्होंने अपनी बात से प्रियंका गांधी को अवगत करा दिया है।
एमएलसी दिनेश सिंह का कांग्रेस से निलंबन किए जाने पर समर्थकों ने बुधवार को सांसद प्रतिनिधि केएल शर्मा का पुतला फूंककर गुस्से का इजहार किया। साथ ही निलंबन वापस लिए जाने की मांग की। महराजगंज में बछरावां रोड पर शिवम तिवारी, हैप्पी सिंह, राजकुमार सिंह आदि ने पुतला जलाया।
गुरुबख्शगंज चौराहा पर ग्राम प्रधान उदयभान सिंह, उमेश सिंह, ब्लॉक प्रमुख मो. मुकीम, आदि ने सांसद प्रतिनिधि और कांग्रेस जिलाध्यक्ष वीके शुक्ला का पुतला फूंककर नारेबाजी की। खीरों ब्लॉक मुख्यालय के सामने नीलू सिंह, धुन्नी सिंह, सतेंद्र यादव आदि ने सांसद प्रतिनिधि का पुतला जलाया।