शिवगढ़ (रायबरेली)। मनरेगा में करीब दो करोड़ रुपये बकाया होने के कारण गांवों में विकास कार्य ठप हो गया है। करीब नौ माह पूर्व ग्राम पंचायतों में मनरेगा से कराए गए पक्के कार्यों का भुगतान नहीं हो पा रहा है।
एक ओर जहां मैटेरियल सप्लायर प्रधानों से दगादा कर रहे हैं, वहीं बिना भुगतान के दोबारा मैटेरियल न देने की चेतावनी दे रहे हैं। श्रमिकों की लाखों की मजदूरी का भुगतान भी अब तक नहीं किया गया है।
क्षेत्र की ग्राम पंचायतों ने मनरेगा से खूब काम कराया, लेकिन अब भुगतान फंसने के बाद विकास कार्य ठप कर दिया गया है। निर्माण सामग्री का करीब दो करोड़ रुपये बकाया हो गया है।
ठेकेदारों को भुगतान न मिलने के कारण प्रधानों को मैटेरियल नहीं मिल पा रहा है। ऊपर से प्रधानों के घरों पर वसूली के लिए मैटेरियल सप्लायर पहुंच रहे हैं।
बीडीओ शिवगढ़ मसूद अख्तर आलम ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2021-22 में नौ माह पहले कराए गए ग्राम पंचायत में मनरेगा योजना के कार्य का 1.98 करोड़ का बकाया है। उच्च अधिकारियों को लगातार पत्र व्यवहार कर अवगत कराया जा रहा है। जैसे ही धन वहां से आवंटित होगा तत्काल पेमेंट करा दिया जाएगा।