सुबह से ही आसमान में सूरज की गर्म किरणों से लोग बेहाल होने लगे। दिन में गर्म हवा के थपेड़े से हर कोई परेशान हो गया। गर्मी से बचने के लिए लोग पेड़ों की छांव तलाशते रहे।
वहीं हैंडपंपों और पानी की टोटियों के पास लोगों की भीड़ लगी रही। रेलवे और बस स्टेशनों पर भी लोग गर्मी से बेहाल दिखे। जहां छांव दिखी, वहां लोग खड़े होकर पसीना पोछते नजर आए। दोपहर में 12 बजे से अपराह्न 4 बजे तक शहर की सड़कों पर कम लोग ही नजर आए।
चिलचिलाती धूप के चलते लोग घरों में दुबके रहे। अगर किसी को निकलना भी हुआ तो चेहरे को पूरा ढककर निकला। वहीं शाम करीब साढ़े चार बजे हुई बारिश ने उमस और बढ़ा दी। चिपचिपी गर्मी से सभी लोग परेशान रहे। इस दौरान आसमान में बादल भी छाए रहे। अब हर किसी को मानसून का इंतजार है।