रायबरेली। डीएम के स्तर पर पहुंची शिकायतों के बाद शुक्रवार शाम सिटी मजिस्ट्रेट के नेतृत्व में ड्रग इंस्पेक्टर की टीम ने शहर के मधुबन मार्केट स्थित जेडी फॉर्मा में जांच की। मास्क और सेनेटाइजर के बिलों को चेक किया तो लखनऊ से मंगवाए गए सेनेटाइजर के बिल पर एमआरपी (अधिकतम बिक्री मूल्य) अंकित नहीं मिला।
इसके अलावा एजेंसी से दुकानों को आपूर्ति किए गए सेनेटाइजरों के बिल-बाउचर भी नहीं मिले। मामले को गंभीरता से लेते हुए डीआई ने एजेंसी के संचालक को दवाओं की बिक्री न करने के आदेश दिए। मामले में पूरी रिपोर्ट तलब की गई है। जांच पूरी न होने पर दुकान भी न खोलने के आदेश दिए गए हैं।
डीआई दीपक शर्मा ने बताया कि लखनऊ से मंगवाए गए सेनेटाइजर के बिल पर एमआरपी और दुकानों को दिए गए बिलों की प्राप्ति रसीद न मिलने पर दुकान को सीज किया गया है। दवाओं की बिक्री भी रोकी गई है। आदेश का अनुपालन न करने पर संचालक पर मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।