रायबरेली। गुरुबख्शगंज इलाके के बसिंगवा गांव में अवैध शस्त्र फैक्टरी संचालित हो रही थी। मंगलवार को पुलिस ने फैक्टरी में छापा मारकर चार युवकों को गिरफ्तार किया। मौके से तमंचा और शस्त्र बनाने के उपकरण बरामद किए। पुलिस का दावा है कि आरोपी पहले फतेहपुर में फैक्टरी चला रहे थे। फतेहपुर पुलिस की सख्ती बढ़ने पर आरोपी यहां आकर शस्त्र फैक्टरी का संचालन कर रहे थे।
अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा ने बताया कि सुबह सात बजे मुखबिर से सूचना मिली थी कि गुरुबख्शगंज थाना क्षेत्र के बसिंगवां गांव स्थित पुराने भट्ठे के पास बनी कोठरी में अवैध शस्त्र बनाए जा रहे हैं। एएसपी के मुताबिक मौके से फतेहपुर जिले के हुसैनगंज थाना क्षेत्र के अडार निवासी शिव प्रसाद, उन्नाव जिले के मौरावां थाना क्षेत्र के मोछपुरिया गांव निवासी जावेद और रायबरेली जिले के लालगंज कोतवाली क्षेत्र के उतरागौरी निवासी शिववीर उर्फ कुनाल सिंह, भुरकुशपुर गांव निवासी पुष्पेंद्र उर्फ प्रशांत दुबे को गिरफ्तार किया गया। इन आरोपियों के पास से 315 बोर के निर्मित चार तमंचा, 15 अर्द्धनिर्मित तमंचा व उपकरण बरामद हुए हैं।
4500 रुपये में बेचते थे एक तमंचा
एएसपी के मुताबिक पूछताछ आरोपी जावेद ने बताया कि वह शिव प्रसाद के साथ मिलकर देशी तमंचा बनाकर बिक्री करते थे। फतेहपुर पुलिस की सख्ती के चलते अप्रैल में रायबरेली में अवैध शस्त्र बनाने का कार्य शुरू किया था। प्रशांत व शिववीर दो-दो हजार रुपये में तमंचा खरीदकर उन्हें 4500 रुपये में बेेचते थे। तमंचे की बिक्री से जो पैसा मिलता था, उसी से रोजी-रोटी चलाते थे।