रायबरेली। जिले में 14 साल की उम्र की करीब 36 हजार किशोरियों को सर्वाइकल (गर्भाशय) कैंसर से बचाने के लिए ह्यूमन पैपिलोमा वायरस (एचपीवी) वैक्सीन जिले को मिल गई है। पहली खेप में जिले को करीब आठ हजार डोज एचपीवी वैक्सीन मिली है। पहले चरण में जिला महिला अस्पताल में टीकाकरण का काम शुरू होगा। इसके लिए शासन के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है। कर्मचारियों के प्रशिक्षण का काम पूरा हो चुका है।
प्रतिरक्षण अधिकारी व एसीएमओ डॉ. अरुण कुमार ने बताया कि देश में सर्वाइकल कैंसर का खतरा बढ़ रहा है। इसी कारण भारत सरकार ने 14 साल की उम्र की किशोरियों में एचपीवी वैक्सीन का टीका निशुल्क लगवाने की व्यवस्था की है। उन्होंने बताया कि देश में सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में होने वाला दूसरा प्रमुख कैंसर है।
एचपीवी टीकाकरण जिला महिला अस्पताल सहित सभी सीएचसी पर किया जाएगा। यह सिंगल डोज टीका होगा। अभियान के प्रारंभिक तीन महीने तक टीकाकरण सप्ताह के सभी कार्य दिवसों में संचालित किया जाएगा। इसके बाद यह टीका नियमित टीकाकरण कार्यक्रम के तहत प्रत्येक बुधवार व शनिवार को पूरे वर्ष उपलब्ध रहेगा।
उन्होंने बताया कि जिले को करीब आठ हजार डोज वैक्सीन मिल गई है। पहले चरण में जिला महिला अस्पताल में टीकाकरण की शुरुआत होगा। इसके अलावा जिले के सभी फर्स्ट रेफरर यूनिटों में टीकाकरण शुरू होगा। कुल जनसंख्या का करीब एक प्रतिशत करीब 36 हजार किशोरियों में यह टीका लगाया जाएगा।
टीकाकरण के लिए पंजीकरण अभिभावक स्वयं यू-विन पोर्टल पर कर सकेंगे। पंजीकरण के बाद ओटीपी के माध्यम से डिजिटल सहमति प्रदान की जाएगी। आयु सत्यापन के लिए पहचान पत्र अनिवार्य होगा। टीकाकरण प्रमाणपत्र भी यू-विन पोर्टल से डाउनलोड किया जा सकेगा। टीकाकरण का काम एएनएम, स्टाफ नर्स, एलएचवी (लेडी हेल्थ विजिटर) व सीएचओ करेंगे।
इनसेट
जिले को एचपीवी वैक्सीन मिल गई है। कोल्डचेन में वैक्सीन को सुरक्षित रखवाया गया है। शासन से तारीख तय होते ही जिला महिला अस्पताल में टीकाकरण का काम शुरू कराया जाएगा। 14 साल की उम्र की करीब 36 हजार किशोरियों में यह टीका लगाया जाएगा।
डॉ. नवीनचंद्रा, सीएमओ रायबरेली