जिला अस्पताल में कुत्ते के काटने के बाद ओपीडी में पहुंचे युवक की जांच करते डॉ. सौरभ शर्मा।
- फोटो : संवाद
रायबरेली। जिले में कुत्तों के हमले थम नहीं रहे हैं। बुधवार को 22 लोगों को कुत्तों ने काटकर जख्मी कर दिया। घायल लोग एआरवी (एंटी रैबीज वेनम) लगवाने अस्पताल पहुंचे। दोपहर दो बजे तक जिला अस्पताल में 160 से अधिक लोग एआरवी लगवाने के लिए पहुंचे। लगातार कुत्तों के हमले से लोगों में दहशत है।
बुधवार को जिला अस्पताल में अतुल (17), अथर्व (3), तनय (12), विक्रम (35), अंजली (23), रितिक (10), अनीता (18), जीशान (25), अनिल (40) समेत एक-एक करके नए 22 रोगी अस्पताल पहुंचे। चिकित्सीय सलाह लेने के बाद इंजेक्शन कक्ष में पहुंचकर एआरवी लगवाई।
पुराने मरीजों समेत 160 से अधिक लोगों को एआरवी लगाई गई। चिकित्सक डॉ. सौरभ शर्मा का कहना है कि अगर किसी भी व्यक्ति को रैबीज संक्रमित किसी जानवर ने काट लिया और उसने 72 घंटे के भीतर अपना इलाज नहीं करवाया तो उसके बाद वैक्सीन या एआरवी का कोई फायदा नहीं है। इसलिए समय से एआरवी जरूर लगाएं। घाव के स्थान पर साबुन या डेटाल से सफाई जरूर कराएं। उन्होंने बताया कि यदि कुत्ता दौड़ाए तो भागे नहीं। रुक जाएंगे तो उनके काटने की संभावनाएं कम हो जाती हैं।