जिलाध्यक्ष हिमांशु वर्मा ने कहा कि सर्व शिक्षा अभियान में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में अनुदेशक अहम भूमिका निभा रहे हैं। इसके बाद भी उनके हितों की अनदेखी की जा रही है।
बछरावां अध्यक्ष अविलय सिंह ने कहा कि शिक्षकों के लिए 100 बच्चों की बाध्यता नहीं है, तो फिर अनुदेशकों के लिए ऐसा नियम क्यों बनाया गया है। इससे अनुदेशकों का उत्पीड़न हो रहा है।
समान कार्य समान भुगतान पर सरकार को सकारात्मक कदम उठाना चाहिए। इस मौके पर अनिल कुमार, महेंद्र गौतम, अंबरीश, रीना, सीमा, पूजा व रेनू आदि मौजूद रहे।
उधर, पूर्व माध्यमिक अनुदेशक कल्याण समिति ने हाथी पार्क में बैठक कर 23 दिसंबर को लखनऊ में होने वाले धरने की तैयारियों पर चर्चा भी की।
जिलाध्यक्ष विवेक सिंह ने कहा कि कई बार ज्ञापन देने और धरना देने के बाद भी सरकार न्याय संगत मांगों को पूरा नहीं कर रही है।
अनुदेशकों की मांगों को सरकार तक पहुंचाने के लिए लखनऊ में धरने का आयोजन हो रहा है। सभी पदाधिकारी, कार्यकर्ता और अनुदेशक धरने में शामिल होकर उसे सफल बनाएं।
इस मौके पर संगठन मंत्री अतुल यादव, उपाध्यक्ष अमित गुप्ता, अनुराग चौधरी, रंजीत यादव, अवनीश यादव आदि मौजूद रहे।