जिले में रविवार को ग्राम विकास अधिकारी परीक्षा की गई तैयारियों की पोल रविवार को खुल गई। सचल दस्ते ने शहर के वैदिक इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र से दो अभ्यर्थी समेत पांच लोगों को दबोचा। पकड़े गए तीन आरोपी परीक्षा केंद्र के अंदर बैठे दो अभ्यर्थियों को मोबाइल से पेपर हल करा रहे थे।
अभ्यर्थियों के पास से दो मोबाइल बरामद किए गए हैं। पकड़े गए लोग इलाहाबाद, प्रतापगढ़ और उन्नाव जिले के रहने वाले हैं। केंद्र व्यवस्थापक की तहरीर पर पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। चाक-चौबंद व्यवस्था होने के बाद भी परीक्षा के दौरान नकल होने के मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस केंद्र व्यवस्थापकों से पूछताछ कर रही है।
जिले के 21 केंद्रों पर रविवार को ग्राम विकास अधिकारी परीक्षा कराई गई। परीक्षा में भाग लेने के लिए रात से ही यहां पर अभ्यर्थी पहुंच गए थे। सुबह तलाशी लेने के बाद केंद्रों के अंदर अभ्यर्थियों को इंट्री दी गई। सचल दस्तों की ओर से केंद्रों पर छापेमारी की।
एसडीएम सदर एसएन शुक्ला और सदर कोतवाल कमलेश पांडेय को सूचना मिली कि परीक्षा केंद्र वैदिक इंटर कॉलेज में नकल हो रही है। इसकी सूचना पर एसडीएम ने पुलिस के साथ परीक्षा केंद्र पर छापा मारा। छापे के दौरान परीक्षा केंद्र से पांच लोगों को दबोचा गया।
परीक्षा केंद्र पर छापेमारी से हड़कंप मच गया। इसमें तीन लोग परीक्षा केंद्र के अंदर बैठे दो अभ्यर्थियों को मोबाइल के जरिए पेपर हल करा रहे थे। पुलिस पांच लोगों को पकड़कर कोतवाली ले आई। साथ ही केंद्र व्यवस्थापकों को भी कोतवाली बुलाकर उनसे पूछताछ की।
सदर कोतवाल कमलेश पांडेय ने बताया कि केंद्र व्यवस्थापक जयशंकर वाजपेयी की तहरीर पर इलाहाबाद के अनिल पांडेय, प्रतापगढ़ के सत्येंद्र कुमार, आलोक कुमार, श्रवण कुमार और उन्नाव जिले के अभिषेक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
इसमें श्रवण कुमार, अभिषेक अभ्यर्थी हैं, जबकि तीन अन्य परीक्षा केंद्र के बाहर से मोबाइल से उन्हें पेपर हल करा रहे थे। अभ्यर्थियों के पास से दो मोबाइल भी बरामद किए गए हैं। नकलची पकडे़ जाने के बाद सवाल उठ रहा है कि परीक्षा केंद्र वैदिक इंटर कॉलेज में तलाशी के दौरान लापरवाही बरती गई।
यदि लापरवाही न बरती गई होती तो अभ्यर्थी मोबाइल लेकर कतई अंदर न जा पाते। हालांकि मोबाइल लेकर अभ्यर्थी कैसे अंदर पहुंचे और इसमें किस की लापरवाही है, इसकी पुलिस जांच कर रही है। कोतवाल का कहना है कि जांच के बाद जिसकी लापरवाही आएगी, उसके खिलाफ भी उचित कार्रवाई होगी।
परीक्षा केंद्र के बाहर से पकड़े गए तीन लोगों ने पेपर हल कराने के नाम पर अभ्यर्थियों से रुपये भी लिए थे। पुलिस इस विषय में तीनों से पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ पूरी होने के बाद ही पता चल पाएगा कि पेपर हल कराने के लिए अभ्यर्थियों से कितने रुपये लिए थे।
ग्राम विकास अधिकारी परीक्षा के लिए 21 केंद्र बनाए गए थे। इन केंद्रों पर 10 हजार 600 अभ्यर्थियों को परीक्षा देनी थी। इसमें से 5913 अभ्यर्थियों ने परीक्षा में हिस्सा लिया, जबकि 4,687 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी।