अमेठी जिले के शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के वतिया गांव में अनाज वितरण के दौरान शुक्रवार को बवाल हो गया। मामूली कहासुनी के बाद हालात बेकाबू हो गए। कार्डधारकों ने लाठियां चटकाईं और पथराव के साथ मारपीट शुरू कर दी।
बीच बचाव में एक दरोगा समेत एक दर्जन लोग घायल हो गए। इनमें से चार घायलों की हालत नाजुक होने पर सीएचसी पहुंचा गया, जबकि खौफजदा शेष घायलों ने निजी चिकित्सकों से इलाज कराया। तनाव के हालात को देखते हुए पांच थानों की फोर्स गांव में तैनात कर दी गई है।
जानकारी के मुताबिक वतिया गांव का कोटेदार सतीश यादव दोपहर में अनाज का वितरण कर रहा था। देर शाम तक कार्डधारकों को अनाज वितरण किया गया। शाम को कुछ कार्डधारक आए और अनाज मांगने लगे।
काफी देर होने के कारण कोटेदार ने शनिवार को अनाज देने बात कही, लेकिन कार्डधारक अनाज लेने की बात पर अड़े रहे। इसी को लेकर वहां खड़े कुछ अन्य कार्डधारकों और अनाज लेने आए कार्डधारकों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। कहासुनी के बाद दोनों पक्ष आपस में भिड़ गए। देखते ही देखते पथराव और लाठियां चलने लगी।
लोगों ने कुल्हाड़ी से भी एक दूसरे पर प्रहार किए। सूचना मिलने पर शिवरतनगंज थाने से दरोगा अरविंद तिवारी मौके पर पहुंचे। बीच बचाव के दौरान उनके पैर में कुल्हाड़ी लगी जिससे वह घायल हो गए। इसके अलावा राजा, तौसीब, शहजाद समेत एक दर्जन कार्डधारक घायल हुए।
बवाल की सूचना पर फुरसतगंज, जायस, मोहनगंज, जगदीशपुर समेत अन्य कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर तैनात होने के बावजूद गांव में तनाव का माहौल है। पुलिस ने एसआई के अलावा घायल हुए राजा, तौसीब और शहजाद को सीएचसी पहुंचाया। वहीं अन्य घायल पुलिस की कार्रवाई के डर से मौके से फरार हो गए।
गांव में तैनात कर दी गई है फोर्स
शिवरतनगंज थानेदार रामराघव सिंह का कहना है कि कार्डधारक शहजाद राशन लेने गया था, जबकि देर होने के कारण कोटेदार अनाज देने से मना कर रहा था। इसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ। गांव में तनाव के हालात को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। मारपीट करने वालों की पहचान कराई जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।