रायबरेली। ऊंचाहार थाना क्षेत्र से जुड़े करीब दो साल पुराने तेजाब से हमले के एक मामले में गवाह व वर्तमान समय में पीलीभीत जिले में तैनात सीओ विनीत सिंह के न आने पर कोर्ट ने सख्त रवैया अपनाया है।
कोर्ट संख्या चार के अपर सत्र न्यायाधीश हीरालाल ने सूबे के अपर महानिदेशक (अभियोजन) को पत्र लिखकर पीलीभीत के बीसलपुर में तैनात सीओ को गवाही के लिए दो मार्च को कोर्ट में उपस्थित कराने को कहा है। पीलीभीत के एसपी को भी पत्र लिखा गया है। साथ ही कोर्ट ने टिप्पणी की है कि साक्षी का वेतन पत्रावली पर साक्ष्य अंकित होने तक क्यों न रोक दिया जाए।
कोर्ट के विशेष लोक अभियोजक देवकांत शुक्ल के मुताबिक ऊंचाहार कोतवाली क्षेत्र से जुड़े एक तेजाब से हमले के मामले में गवाही की प्रक्रिया चल रही है। मामले में अभियोजन पक्ष के अंतिम साक्षी के रूप में डलमऊ के तत्कालीन सीओ विनीत सिंह को गवाह के रूप में आना है, लेकिन कई पेशियों से वे साक्ष्य के लिए उपस्थित नहीं हुए हैं। इस पर कोर्ट ने अपर महानिदेशक (अभियोजन) के साथ एसपी पीलीभीत को पत्र लिखकर गवाह की उपस्थिति सुनिश्चित कराने के लिए कहा है।
पूर्व सांसद बाल कुमार के मामले में सुनवाई अब छह को
पूर्व सांसद बाल कुमार पटेल के खिलाफ चल रहे आपराधिक मुकदमों की वापसी के बिंदु पर बुधवार को बहस हुई। एमपी/एमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश विनोद कुमार बरनवाल ने अब मामले में सुनवाई की अगली तारीख छह मार्च तय की है। कोर्ट के विशेष लोक अभियोजक संदीप कुमार सिंह के मुताबिक पूर्व सांसद बाल कुमार पटेल के खिलाफ विभिन्न सात आपराधिक मामले विचाराधीन हैं। शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक ने मुकदमा वापसी का प्रार्थना पत्र कोर्ट में प्रस्तुत किया है, जिस पर बुधवार को बहस सुनने के बाद कोर्ट ने सुनवाई की अगली तारीख छह मार्च तय की है।