रायबरेली। नगर पालिका परिषद रायबरेली की बोर्ड की बैठक में सोमवार को एक घंटे तक जमकर हंगामा हुआ। पालिकाध्यक्ष व सभासद आपस में भिड़ गए। पालिकाध्यक्ष के 50 लाख के कार्य कराने के पावर को जबरन लेने के कारण सभासद आक्रोशित थे। ईओ और पालिकाध्यक्ष बैठक छोड़कर चले गए। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ सदर कोतवाली में तहरीर देकर गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस प्रकरण की जांच में जुटी है।
सुबह 11 बजे पालिका सभागार में बोर्ड की बैठक पालिकाध्यक्ष शत्रोह्न सोनकर, अधिशासी अधिकारी (ईओ) स्वर्ण सिंह की मौजूदगी में शुरू हुई। सभासद जय प्रकाश वर्मा, संजय, सतीश मिश्रा, पंकज साहू आदि ने पिछली बोर्ड की बैठक में पालिकाध्यक्ष के 50 लाख के कार्य कराने के पावर वापस लिए जाने की जानकारी सदन में दी। आरोप है कि पालिकाध्यक्ष ने पावर वापस नहीं लिए जाने की बात कही तो सभासद आक्रोशित हो गए।
विवाद इतना बढ़ा कि सभासद व पालिकाध्यक्ष आमने-सामने आ गए। नौबत मारपीट तक आ गई। दोपहर 12 बजे तक हंगामा होता रहा। इस बीच पहले ईओ व फिर पालिकाध्यक्ष सदन छोड़कर चले गए। पालिकाध्यक्ष की तरफ से सदर कोतवाली में तहरीर देकर आरोप लगाया गया कि सभासद जय प्रकाश वर्मा, सतीश मिश्रा, रोहित पांडेय, मोहित सिंह, संजय श्रीवास्तव, कमरुद्दीन, पंकज साहू, सुशील, सुनीता पाल, पुष्पा यादव ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए जानमाल की धमकी दी। जय प्रकाश वर्मा, रोहित पांडेय नशे में थे। उनके साथ गालीगलौज की।
उधर, सभासद कुसुमा, सतीश मिश्रा, सुनीता पाल, जय प्रकाश वर्मा, पंकज साहू आदि ने सदर कोतवाली में तहरीर देकर आरोप लगाया कि पालिकाध्यक्ष ने सदन में अपने गुर्गों को बैठा रखा था। पालिकाध्यक्ष के गुर्गे असलहों से लैस थे और नशे में थे। राहुल सोनकर, बलवंत, सुल्तान ने गालीगलौज करते हुए धक्कामुक्की करते हुए जानमाल की धमकी दी। एससीएसटी एक्ट में फंसाने की चेतावनी दी। महिला सभासदों के साथ अभद्र व्यवहार किया। कोतवाली प्रभारी राजेश कुमार सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों की तरफ से लगाए गए आरोपों की जांच कराई जा रही है।
शहरवासियों को राहत, नहीं बढ़ेगा हाउस टैक्स
शहरवासियों पर हाउस टैक्स का बोझ नहीं बढ़ेगा। टैक्स की दरें नहीं बढ़ाई गई। अपंजीकृत मकानों का सर्वे करके उन पर टैक्स लगाया जाएगा। नगर पालिका परिषद रायबरेली की बोर्ड की बैठक में सोमवार को यह फैसला लिया गया। वर्ष 2025-26 में शहर में होने वाले विकास कार्यों पर 149 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सभासदों के विरोध के चलते दोपहर बाद चार बजे नगर पालिका परिषद रायबरेली की बोर्ड की बैठक एसडीएम न्यायिक सदर अभिषेक वर्मा व पुलिस की मौजूदगी में शुरू हुई।
पालिका सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता पालिकाध्यक्ष शत्रोह्न सोनकर व संचालन ईओ स्वर्ण सिंह ने की। 34 में 18 सभासदों ने बैठक में भाग लिया। 16 सभासदों ने बैठक का विरोध किया। इस दौरान सर्वसम्मति से वित्तीय वर्ष 2025-26 में पालिका कर्मचारियों के वेतन और शहर के विकास कार्यों पर खर्च करने के लिए अनुमानित आय 149 करोड़ रुपये और अनुमानित व्यय 142 करोड़ रखा गया। इस दौरान पालिका के अधिकारियों ने जानकारी दी कि पालिकाध्यक्ष के 50 लाख के कार्य कराने की पावर वापस ले गई है। इस मौके पर कर निर्धारण अधिकारी लतिलेश कुमार सक्सेना, वरिष्ठ लिपिक आशुतोष सिंह मौजूद रहे।