यूपी बोर्ड परीक्षा-2016 में इस साल परीक्षार्थियों की हाजिरी ऑनलाइन होगी। परीक्षा शुरू होने के कुछ देर बाद केंद्र व्यवस्थापक परीक्षा में हाजिर व गैरहाजिर परीक्षार्थियों की सूचना शासन को उपलब्ध कराएंगे।
केंद्र व्यवस्थापकों को मोबाइल एप से सूचना देने के लिए बोर्ड से 159 सिमकार्ड आ गए हैं। जो 11 फरवरी को होने वाली बैठक में केंद्र व्यवस्थापकों को दिए जाएंगे।
परीक्षा शुरू होने के कुछ देर बाद ही यह मैसेज करना होगा। बोर्ड परीक्षा 18 फरवरी से शुरू हो रही है। अब तक परीक्षा में शामिल होने वाले परीक्षार्थियों की रिपोर्ट रजिस्टर में अंकित की जाती थी।
जिले स्तर पर कॉपियों के जमा होने के बाद परीक्षार्थियों की उपस्थिति और गैरहाजिरी का पता चलता था। शासन व बोर्ड से दूसरे दिन यह जानकारी मिल पाती थी।
इस समस्या के निदान के लिए इस बार नई व्यवस्था की गई है। माध्यमिक शिक्षा सचिव शैल यादव के निर्देश पर मॉनीटरिंग के लिए मोबाइल एप के माध्यम से यह रिपोर्ट देने के आदेश दिए गए हैं।
इसके लिए बोर्ड से 159 सिमकार्ड आ भी चुके हैं। सभी केंद्र व्यवस्थापकों को 11 फरवरी को सिमकार्ड दिए जाएंगे। प्रत्येक स्कूल का कोड निर्धारित है।
जैसे ही मोबाइल एप पर केंद्र व्यवस्थापक अपना कोड डालेंगे। उस केंद्र पर पंजीकृत विद्यार्थियों की संख्या दिखाई पड़ेगी। इसके बाद एक फॉर्मेट आएगा।
उस फॉर्मेट पर वह उपस्थिति व अनुपस्थिति छात्रों का ब्यौरा दर्ज करेंगे और उसे विभाग के सर्वर पर भेज देंगे। यह कार्रवाई परीक्षा शुरू होने के 15 मिनट बाद की जाएगी।
यह प्रक्रिया प्रत्येक पाली में चलती रहेगी। इससे रोजाना की हाजिरी शासन को मिल जाएगी। सिमकार्ड के वितरण के लिए 11 फरवरी को जीआईसी में केंद्र व्यवस्थापकों की बैठक बुलाई गई है।
केंद्र व्यवस्थापकों को एंड्राएड फोन और नेटपैक साथ लाने के आदेश दिए गए हैं। यदि केंद्र व्यवस्थापक स्मार्ट फोन नहीं चला पाते हैं तो वे अपने साथ ही शिक्षक भी ले जाएंगे, जो फोन चला सकेगा।
डीआईओएस डॉ. विनय मोहन ने बताया कि इस बार बोर्ड परीक्षार्थियों की रोजाना हाजिरी शासन को मोबाइल एप के माध्यम से दी जाएगी। केंद्र व्यवस्थापकों को देने के लिए सिमकार्ड आ गए हैं।
11 फरवरी को जीआईसी में बैठक के माध्यम से उन्हें प्रक्रिया के बारे में प्रशिक्षित किया जाएगा। सभी परीक्षा केंद्रों से पूरा ब्योरा मोबाइल एप से भेजना होगा। ऐसा न करने वालों पर कार्रवाई होगी।