बांग्लादेशी महिला और उसके पति को भेजा जेल
- विदेश से आकर फर्जी-कूटरचित दस्तावेज तैयार करके यहां पर रह रही थी सुमैया बानो
- एलआईयू की गोपनीय जांच में हुआ खुलासा, महिला के तीन साल की बेटी भी है
रायबरेली। गदागंज पुलिस ने रविवार को बांग्लादेशी महिला और उसके पति को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया। विदेश से आकर महिला फर्जी कूटरचित दस्तावेज तैयार करके अपने भारतीय पति के साथ उसके गांव कई साल से रह रही थी। एलआईयू की गोपनीय जांच में इसका खुलासा हुआ तो हड़कंप मच गया। जानकारी होने पर पुलिस ने केस दर्ज किया और दोनों को जेल भेज दिया। साथ ही पुलिस पूरे मामले की पड़ताल कर रही है। महिला के तीन साल की बेटी इनायत भी है।
गदागंज थाना क्षेत्र के कुरौली बुधकर गांव निवासी मो. इसरार बांग्लादेश में सिलाई का कार्य करता था। वर्ष 2016 में इसरार की मुलाकात बांग्लादेश के तीतपाल दिया थाना नवाबगंज ढाका की रहने वाली सुमैयाबानो से हुई थी और दोनों ने शादी कर ली थी। इसके बाद विदेश से आकर महिला अपने पति के साथ गांव में रहती थी।
पुलिस के मुताबिक दंपती ने फर्जी-कूटरचित दस्तावेज तैयार कर लिए। महिला ने अपने नाम से पैनकार्ड, आधार कार्ड, राशन कार्ड आदि बनवा लिए। दोनों के इस समय तीन साल की बेटी इनायत भी है। एलआईयू ने इसकी गोपनीय जांच की तो इसका खुलासा हुआ तो पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
थानेदार धीरेंद्र यादव ने बताया कि फर्जी-कूटरचित दस्तावेज तैयार करके विदेशी महिला यहां पति के साथ रह रही थी। विदेशी महिला सुमैया बानो और उसके पति मो. इसरार को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया है। थानेदार का कहना है कि पूरे मामले की पड़ताल अभी की जा रही है। फर्जी दस्तावेज तैयार कराने वालों पर भी कार्रवाई होगी।