फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निलंबित 30 दुकानों से हो रही दवाओं की बिक्री

Thu, 22 Nov 2012 12:00 PM IST
Raebareli
विज्ञापन
विज्ञापन
रायबरेली। जिले के 30 से अधिक मेडिकल स्टोरों के फार्मासिस्टों के इस्तीफे के बाद भी औषधि सुरक्षा अधिकारी की साठगांठ से दवा की दुकानें धड़ल्ले से संचालित हैं। मेडिकल स्टोर संचालकों को दूसरे फार्मासिस्ट का प्रमाणपत्र देने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन संचालक मनमानी पर आमादा हैं। विभाग मनमाने दवा विक्रेताओं की दुकानों को बंद करा पाने में नाकाम साबित हो रहा है। बताते हैं कि सेटिंग-गेटिंग के कारण ही मेडिकल स्टोर संचालक आराम से दुकानों का संचालन करने में जुटे हैं।
विज्ञापन

शासन के कडे़ रुख के बाद 10 से 20 मेडिकल स्टोरों में अपना प्रमाणपत्र लगाए फार्मासिस्टों ने अपना प्रमाणपत्र वापस लेना शुरू कर दिया। खासकर फुटकर दवाओं की बिक्री की खातिर लिए गए लाइसेंस के लिए दुकान पर फार्मासिस्ट का होना जरूरी है। फार्मासिस्ट का प्रमाणपत्र वापस होने के बाद दुकान को स्वत: सस्पेंड मान लिया जाता है। जिले में 30 से अधिक दवा की दुकानों के फार्मासिस्टों ने अपना सहयोग प्रमाणपत्र वापस लेते हुए दुकानों से इस्तीफा दे दिया है। फार्मासिस्टों ने जिले के औषधि सुरक्षा अधिकारी को इस्तीफा देकर कार्यमुक्त करने की मांग की है। फार्मासिस्टों के इस्तीफे के बाद विभागीय अधिकारियों की लाटरी लग गई है। स्वत: निलंबित हुई दवा की दुकानें खुलेआम संचालित हैं। इन संचालकों के खिलाफ विभाग कार्रवाई कर पाने में नाकाम साबित हो रहा है। हालांकि फार्मासिस्टों की व्यवस्था के लिए नोटिसें जरूर जारी की गई, लेकिन नोटिसें वसूली तक ही सिमट कर रह गई है। एक भी दवा की दुकान के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई है। बताते हैं कि अधिकारी-कर्मचारी ऐसी दवा दुकानों पर पहुंचकर खानापूरी करने में जुटे हैं।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें