रायबरेली। पूर्व शिक्षक विधायक देवीदयाल शास्त्री (78) का मंगलवार को निधन हो गया। वह काफी दिनों से बीमार थे। उनके निधन की खबर मिलते ही शिक्षा जगत में शोक की लहर दौड़ गई।
इंदिरा नगर स्थित उनके आवास पर हर वर्ग और समुदाय के लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। अंत्येष्टि बुधवार को डलमऊ गंगा तट पर होगी।
देवीदयाल शास्त्री वर्ष 2002 में वैदिक इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य पद से सेवानिवृत्त हुए थे। वह एक अनुशासनप्रिय एवं आदर्श शिक्षक के रूप में जाने जाते थे।
विधान परिषद में उन्होंने 15 साल तक लखनऊ मंडल के शिक्षकों का प्रतिनिधित्व किया। बतौर शिक्षक विधायक उन्होंने शिक्षक हितों से जुड़े अनेक विषयों को विधान परिषद में उठाया।
वह इधर काफी समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उनके चार पुत्र और एक पुत्री हैं। स्व. शास्त्री के बड़े पुत्र अनिल द्विवेदी ने बताया कि बुधवार को सुबह 9 बजे उनके इंदिरा नगर स्थित आवास से अंतिम यात्रा प्रारंभ होगी।
अंतिम संस्कार डलमऊ स्थित गंगा तट पर होगा। शोक संवेदना व्यक्त करने के लिए केएल शर्मा, दिनेश सिंह, डॉ. महेंद्र राय, राम मोहन सिंह, अशोक कुमार शुक्ल, ब्रह्म नारायण द्विवेदी, सईदुल हसन, मुन्ना घोसी, हाजी उस्मान समेत शिक्षा जगत, राजनीतिक पार्टियों के पदाधिकारी, विभिन्न संगठनों के लोग पहुंचे।