इन्हौना (रायबरेली)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर में मंगलवार रात एक बार फिर चिकित्सकों की लापरवाही के चलते एक प्रसूता की मौत हो गई।
परिवारीजनों का आरोप है कि प्रसव के पांच घंटे बाद ही स्थिति सामान्य बताकर जच्चा-बच्चा दोनों को घर भेज दिया था। घर पहुंचने के बाद महिला की हालत बिगड़ गई। अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई। परिवारीजनों का कहना है कि मामले की शिकायत अमेठी जिले के सीएमओ से की जाएगी।
तिलोई तहसील क्षेत्र के फूला गांव की रहने वाली जानकी (30) पत्नी रामतीर्थ को परिवारीजन प्रसव पीड़ा होने पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर ले गए, जहां महिला डॉक्टर न होने पर प्रसव की जिम्मेदारी स्टाफ नर्स ने निभाई।
मंगलवार देर रात जानकी ने लड़की को जन्म दिया। प्रसव के कुछ देर बाद जच्चा-बच्चा को स्वस्थ बताकर घर भेज दिया। घर पहुंचते ही महिला की हालत बिगड़ गई।
परिवारीजन जब तक उसे अस्पताल ले जाते, तब तक महिला की मौत हो गई थी। महिला की मौत के बाद परिवारीजनों ने स्टाफ को जिम्मेदार ठहराया।
लापरवाही का हवाला देते हुए बताया कि प्रसव के चार-पांच घंटे बाद जच्चा-बच्चा को स्वस्थ बताकर स्टाफ नर्स ने घर भेज दिया। वही नवजात की हालत स्वस्थ बताई जा रही है। सीएससी प्रभारी डॉ. संतोष गुप्ता ने बताया कि मामला जानकारी में आया है। जांच कराई जाएगी।