परिवार के लोगों को पकड़े जाने पर भड़के मृतक के परिवारीजन
- सुमित के शव का अंतिम संस्कार करने से किया इंकार
- पुलिस ने 151 में चालान कर छोड़ा, तो हुआ अंतिम संस्कार
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज (रायबरेली)। हलोर गांव का माहौल मंगलवार को एक बार फिर गर्म हो गया। मर्डर के बाद परिवार के लोगों को पकड़े जाने पर मृतक सुमित चौधरी उर्फ शुभम के शव का परिवारीजनों ने अंतिम संस्कार करने से इंकार कर दिया। इस पर पुलिस ने आनन-फानन पकड़े गए लोगों का धारा 151 में चालान करके उन्हें छोड़ दिया। इसके बाद परिवारीजनों ने बाग में ले जाकर शव का अंतिम संस्कार किया गया।
हलोर गांव निवासी सुमित चौधरी उर्फ शुभम (18) की सोमवार को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। भड़के ग्रामीणों ने आरोपी फौजी की कार और ससुर के घर में आग लगा थी। सीओ की जीप तोड़ दी थी और पुलिस पर पथराव किया था। इस मामले में पुलिस ने मंगलवार मृतक के परिवार के कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया। इस पर परिवारीजन भड़क उठे। सभी ने शव का अंतिम संस्कार करने से इंकार कर दिया। इसकी जानकारी होने पर पुलिस अफसरों में हड़कंप मच गया। परिवारीजन हिरासत में लिए गए लोगों को छोड़ने की मांग कर रहे थे। फिर कहीं बवाल खड़ा न हो जाए, इसलिए पुलिस ने हिरासत में लिए गए बबलू वर्मा, अजमेर सिंह, संजय वर्मा, नीशू वर्मा, पिंटू चौधरी, शिवम चौधरी, बिलियम पटेल का धारा 151 में चालान करके छोड़ दिया। इसके बाद मृतक के बाग में ही उसके शव का नम आंखों के बीच अंतिम संस्कार किया गया। कोतवाली प्रभारी राकेश सिंह का कहना है कि पुलिस की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है। एएसपी शशिशेखर सिंह, सीओ महराजगंज गोपीनाथ सोनी स्वयं मौके पर डटे रहे। एएसपी का कहना है कि जल्द फिर से गांव का माहौल ठीक हो जाएगा।
इनसेट
फौैजी, रिटायर्ड सूबेदार समेत चार आरोपी सलाखों के पीछे
मृतक के घायल चाचा का लखनऊ ट्रॉमा सेंटर में चल रहा इलाज
महराजगंज (रायबरेली)। सुमित चौधरी उर्फ शुभम की हत्या के मामले में नामजद किए गए सेना के जवान संजीव कुमार सिंह, उसके ससुर रिटायर्ड सूबेदार मेजर समेत चार लोगों को पुलिस ने मंगलवार को सलाखों के पीछे भेज दिया। वहीं मर्डर के बाद बवाल करने के मामले में पुलिस ने दस नामजद और 24 अज्ञात हमलावरों के खिलाफ केस दर्ज किया है। मृतक के घायल चाचा श्रीनारायण का लखनऊ ट्रामा सेंटर में अभी इलाज चल रह है।
गौरतलब है कि हलोर निवासी सुमित की गोली मारकर हत्या कर दी थी, जबकि गोली लगने से उसका चाचा घायल हो गया था। गोली सेना के जवान संजीव कुमार सिंह ने चलाई थी। कोतवाली प्रभारी राकेश सिंह ने बताया कि आरोपी फौजी संजीव कुमार सिंह, उसके ससुर रिटायर्ड सूबेदार मेजर दानबहादुर सिंह, जगतबहादुर सिंह व शिवम सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। वहीं बवाल करने, माहौल बिगाड़ने के मामले में 10 नामजद और 10-15 अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। इसमें नामजद किए गए राज कुमार, अंजनी पटेल, रमेश रैदास, सतनाम, शिवा बंगाली, रामकिशोर, नन्हेलाल, बबलू पटेल को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया है, जबकि अन्य की तलाश की जा रही है।