रायबरेली। स्वच्छ भारत मिशन (एसबीएम) की प्रगति की समीक्षा में मनमानी पकड़ में आने के बाद डीएम संजय कुमार खत्री ने 40 गांवों के प्रधानों व सचिवों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
उन्होंने सभी को नोटिस देकर तीन दिन में प्रगति सुधारने के आदेश दिए हैं, ऐसा न करने पर प्रसाधनों में की गई मनमानी की धनराशि की वसूली के आदेश दिए हैं।
शासन ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत बन रहे प्रसाधनों में पानी की टंकी प्राथमिकता पर बनवाने के आदेश दिए हैं। डीएम ने अधिकारियों की टीम भेजकर जांच कराई तो 40 गांवों में मनमानी पकड़ में आई।
उन्होंने प्रगति की समीक्षा की तो जिन गांवों में प्रसाधनों में टंकियां नहीं मिली और निर्माण कार्यों में मानकों की अनदेखी की जा रही है, उन गांवों के प्रधानों व सचिवों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए।
डीएम के आदेश पर डीपीआरओ ने जेरी, शिवपुरी, मेड़ौली, चिलौला, रसूलपुर, पड़ीलाकला, बरहुआ, कठवारा, कासोखास, पचखरा, ममुनी, नुरुद्दीनपुर सहित 40 गांवों के प्रधानों व ग्राम पंचायत व विकास अधिकारियों को नोटिस देकर तीन दिन में प्रसाधनों में मिली कमियों को दुरुस्त कराने के आदेश दिए हैं।
ऐसा न करने पर संबंधित धनराशि की वसूली की जाएगी। इससे कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है। डीपीआरओ उपेंद्रराज सिंह ने बताया कि 40 गांवों में मनमानी मिलने के बाद सचिवों को नोटिस देकर तीन दिन में कमियों को दुरुस्त कराने के आदेश दिए गए हैं। ऐसा न करने पर वसूली कराई जाएगी।