रायबरेली। जिले में कुत्तों ने 46 और लोगों को शिकार बना लिया। सोमवार को जिला अस्पताल में एआरवी (एंटी रैबीज वेनम) की पहली डोज लगवाने के लिए मरीज पहुंचे। ओपीडी व इंजेक्शन कक्ष में एआरवी लगवाने के लिए दोपहर दो बजे तक भीड़ रही। दिनभर नए व पुराने मरीजों को मिलाकर करीब 185 से अधिक लोगाें ने एआरवी लगवाई।
गर्मी में कुत्ते हिंसक थे, लेकिन ठंड बढ़ने के बाद भी कुत्ते लोगों को काट रहे हैं। सोमवार को जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. सौरभ शर्मा की ओपीडी में 46 से अधिक नए मरीज एआरवी लगवाने के लिए पहुंचे। इसमें शिवा (30), गौरी (2), अब्दुल कलाम (58), जयशंकर (73), फरहान (10), बासदेव (62), जय निर्मल (16), प्रेमलता (50), अनमोल (10) आदि लोग कुत्तों के हमले में जख्मी होने के बाद एआरवी लगवाने अस्पताल पहुंचे। भीड़ अधिक होने के कारण लोगों को एआरवी लगवाने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा।
72 घंटे में लगवा लें एआरवी
जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. सौरभ शर्मा ने बताया कि अगर किसी भी व्यक्ति को रेबीज संक्रमित किसी जानवर ने काट लिया हो तो उसे 72 घंटे के भीतर वैक्सीन की डोज अवश्य ले लेनी चाहिए। कुत्ता काटने वाले स्थान को कम से कम 10 से 15 मिनट तक साबुन या डिटॉल से अच्छे से धोकर साफ जरूर कर लें। उसके तुरंत बाद रैबीज की वैक्सीन लगवानी चाहिए।