रायबरेली। सीएमओ ऑफिस के सामने एक निजी अस्पताल में प्रसूता के मौत के मामले की जांच शुरू हो गई है। ऐसे में मामले में अस्पताल संचालक के खिलाफ जल्द एफआईआर दर्ज हो सकती है।
एसपी ने प्रकरण में कोतवाल को जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। खास बात ये है कि इस नर्सिंग होम में आए दिन लापरवाही से जच्चा-बच्चा की मौतें हुआ करती हैं, लेकिन संचालक हर बार सेटिंग के चलते बचने में कामयाब हो जाता है। इसी वजह से अस्पताल में मनमाने ढंग से रोगियों का इलाज होता है।
प्रतापगढ़ जिले के महेशगंज थाना क्षेत्र के जिसठा पोस्ट बछवा निवासी विजय कुमार चौरसिया ने सोमवार को एसपी सुजाता सिंह से शिकायत की थी कि 17 अगस्त को अपनी पत्नी सन्नो को प्रसव पीड़ा होने पर जेल रोड स्थित सीएमओ ऑफिस के सामने एक निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया था।
सन्नो ने बच्ची को जन्म दिया था। इलाज में लापरवाही बरतने से सन्नो की मौत हो गई थी। महिला चिकित्सक की लापरवाही से खफा होकर लोगों ने एसपी दफ्तर में प्रदर्शन भी किया था।
पीड़ित का आरोप था कि अस्पताल संचालक और उसकी पत्नी ही नर्सिंग होम चलाकर रोगियों का मनमाने ढंग से इलाज कर रहे हैं।
एसपी सुजाता सिंह ने प्रकरण की जांच कोतवाल अशोक सिंह को सौंपी है। एसपी ने कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। कोतवाल का कहना है कि पड़ताल की जा रही है। संचालक के खिलाफ कार्रवाई होगी।