रायबरेली-हरचंदपुर। स्वास्थ्य सेवाओं की बानगी लेने के लिए हरचंदपुर सीएचसी पहुंचे एसीएमओ डॉ. एसके चक को भारी मनमानी मिली। अपराह्न साढ़े तीन बजे ही अस्पताल के 39 कर्मचारी घर चले गए थे।
इसमें 20 नियमित और 19 संविदा कर्मचारी शामिल हैं। मामले में एसीएमओ ने सभी गैरहाजिर मिले स्वास्थ्य कर्मचारियों व डॉक्टरों से स्पष्टीकरण मांगने के साथ ही वेतन रोकने की संस्तुति कर दी है।
उन्होंने सीएचसी के अधीक्षक डॉ. एपी सिंह के पेच भी कसे। उनसे भी इस संबंध में जवाब देने के आदेश दिए। बुधवार को अपराह्न साढ़े तीन बजे एसीएमओ डॉ. चक हरचंदपुर सीएचसी पहुंचे। एसीएमओ के पहुंचते ही अस्पताल में हड़कंप मच गया।
यहां कुल 51 स्वास्थ्य कर्मियों में मौके पर मात्र 12 कर्मचारी ही मिले। 39 कर्मचारी बिना किसी सूचना के ही छुट्टी होने से काफी पहले ही चले गए। एसीएमओ के छापे में सुशील कुमार कटियार, दिनेश कुमार, गरिमा मिश्रा, माधुरी, मालती, ऊषा, चंदा, फूलमती, सुनील कुमार, रामकिशोर, अजय, दिनेश, शिव बहादुर सहित 39 कर्मचारी गैरहाजिर मिले।
एसीएमओ ने सभी को कारण बताओ नोटिस देने के साथ ही वेतन रोकने के आदेश दिए। साथ ही अन्य कार्रवाई के लिए सीएमओ को निरीक्षण रिपोर्ट भेज दी। अस्पताल में मनमानी पकड़ में आने के बाद उन्होंने सीएचसी के अधीक्षक को भी फटकार लगाई।
उन्होंने अपना जवाब देने के आदेश दिए। एसीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि सुबह 10 से शाम चार बजे तक सीएचसी में सभी स्टाफ को रहना चाहिए।
अधीक्षक की लापरवाही के कारण ही 51 में 39 कर्मचारी अस्पताल से चले गए। सभी को वेतन रोकने के साथ ही स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए हैं। जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।