रायबरेली। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत तीसरे चरण की चयन प्रक्रिया के लिए शनिवार को लॉटरी कराई गई, जिसमें 386 बच्चों को सफलता मिली। इन बच्चों का दाखिला आवंटित विद्यालयों में कराया जाएगा और कक्षा आठ तक मुफ्त पढ़ाई की सुविधा मिलेगी। लॉटरी में 243 बच्चे ऐसे रहे, जिन्हें सीटें फुल होने के कारण स्कूल आवंटित नहीं हो सके और उन्हें निराशा हाथ लगी।
आरटीई के तहत प्राइवेट स्कूलों में प्री-प्राइमरी या कक्षा एक में 25 फीसदी सीटों पर चयनित बच्चों का मुफ्त दाखिला कराया जाता है, जिन्हें कक्षा आठ तक शिक्षा ग्रहण करने की सुविधा मिलती है। इस बार तीन चरणों में बच्चों के चयन हो रहे हैं। दो चरणों की प्रक्रिया पहले ही पूरी हो चुकी है, जिनमें चयनित हुए बच्चों के प्रवेश संबंधी आदेश भी जारी हो चुके हैं। तीसरे चरण की प्रक्रिया अभी चल रही है, जिसकी लॉटरी शुक्रवार को होनी थी। छुट्टी के कारण शनिवार को लॉटरी कराई गई।
तीसरे चरण में कुल 952 आवेदन आए, जिनका सत्यापन कराया गया तो 323 आवेदन पत्र निरस्त कर दिए गए। सत्यापन में पात्र मिले 629 आवेदन पत्रों को लॉटरी में शामिल कराया गया। जिला समन्वयक अविलय सिंह ने बताया कि लॉटरी में 386 बच्चों को विद्यालय आवंटित कर दिए गए, जिनका प्रवेश कराया जाएगा। विद्यालयों में सीटें फुल होने के कारण 243 बच्चों को स्कूल आवंटित नहीं हो सके। बीएसए राहुल सिंह ने बताया कि जल्दी ही प्रवेश संबंधी आदेश जारी कर देंगे।