रायबरेली। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की रायबरेली डिपो की भूमि पर अवैध रूप से 24 दुकानें बनाकर कारोबार करने वालों को बेदखल कर दिया गया है। सिटी मजिस्ट्रेट राम अवतार ने बुधवार को ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए 24 कब्जेदारों को दुकानों से बेदखल कर दिया। उन्होंने एक लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। कब्जे वाली निगम की जमीन की कीमत करीब 50 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
शहर के भीमखपुर में बस स्टेशन बनाने के लिए वर्ष 1953 में भूमि संख्या 163, 164 का अधिग्रहण किया गया था। इस संबंध में राय चंदी दयाल और राय हरकृष्ण दयाल की भूमि का अधिग्रहण करके प्रतिकर की धनराशि दी गई थी। बाद में बस स्टेशन चौराहा से लखनऊ रोड की ओर सड़क किनारे एक-एक करके डिपो की भूमि पर कब्जा करके अवैध दुकानों का निर्माण करा लिया गया।
कुछ कब्जेदार स्वयं व कुछ लोगों ने दुकानें किराए पर दे दीं। उच्च न्यायालयों में मुकदमों के बाद वर्ष 2009 में सिटी मजिस्ट्रेट की कोर्ट में बेदखली के लिए निगम की ओर से मुकदमा किया गया था। मुकदमे की सुनवाई करते हुए सिटी मजिस्ट्रेट ने बुधवार को फैसला सुनाया। सभी 24 कब्जेदारों को दुकानों से बेदखल करने के साथ ही एक लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
इन 24 कब्जेदारों को किया गया बेदखल
शहर के बस स्टेशन चौराहा पर निगम की जमीन पर कब्जा करके दुकान संचालित करने वाले कोठी एवी लाल दक्षिणी जहानाबाद निवासी आशीष दयाल, वर्तिका राय, पान भंडार के संचालक लक्ष्मीकांत, हीरा पाइप के संचालक जवाहरलाल, त्रिलोकी भोजनालय के संचालक दिनेशचंद्र द्विवेदी, सत्य सांई चाट भंडार के संचालक आशीष कुमार गुप्ता, श्री स्वीट्स के संचालक कमला नारायण व रेखा गुप्ता, जय कुमार, गुजराती नमकीन भंडार के संचालक माधव प्रसाद गुप्ता, मॉडर्न इलेक्ट्रानिक्स के संचालक राजेश कुमार वर्मा, शिवम कंप्यूटर्स के संचालक राज बहादुर तिवारी, बाजपेयी शाकाहारी भोजनालय के संचालक रमेश बाजपेयी को बेदखल किया गया है।
इसके अलावा आनंद स्वीट्स के संचालक आनंद प्रकाश गुप्ता, शुक्ला प्रोवीजन स्टोर के संचालक नीरज शुक्ला, रूप श्री प्रिंटर्स के संचालक अयोध्या प्रसाद, देहली पाइप के संचालक बृजकिशोर जायसवाल, कोपल बेकरी के संचालक विकास त्रिपाठी, स्वामी स्वीटस के संचालक आत्मा शरण गुप्ता, रवि जनरल स्टोर के संचालक दीपू सिंह, दिनेश मशीनरी स्टोर के संचालक दिनेश जायसवाल, जय मां अंबे पान भंडार के संचालक धर्मचंद्र गुप्ता, शिवशंकर लस्सी भंडार के संचालक अजय कुमार, पीप जनरल स्टोर के संचालक वाल्डे सिंह को भी बेदखल किया गया है।
निगम की भूमि पर कब्जा करके दुकानों का संचालन करने वालों के खिलाफ लंबे समय से मुकदमा लड़ा जा रहा था। बुधवार को सिटी मजिस्ट्रेट कोर्ट ने निगम के पक्ष में आया फैसला सराहनीय है। निगम को आखिरकार न्याय मिल ही गया।
दिनेशचंद्र श्रीवास्तव, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक रायबरेली डिपो