एफएसडीए का बाबू घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
रायबरेली। लखनऊ से आई एंटी करप्शन की टीम ने बुधवार को एफएसडीए के बाबू संजय कुमार को 50 हजार रुपये की घूस लेते रंगे हाथों दबोच लिया।
नमकीन के नमूने की रिपोर्ट पास कराने के लिए व्यवसायी से रुपया मांगा गया था। पहले तो नमकीन व्यवसायी से बाबू को रुपये दिलाए गए और फिर उसे पकड़ लिया गया।
इस दौरान टीम के सदस्यों ने बाबू की जमकर पिटाई की और गाड़ी पर बैठाकर कोतवाली ले आई। इस घटना की जानकारी से हड़कंप मच गया। पुलिस ने बाबू के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
लालगंज के बेहटा चौराहा निवासी विजय रस्तोगी की लालगंज में नमकीन की फैक्ट्री है। नवंबर 2017 में एफएसडीए की टीम ने विजय की दुकान पर छापा मारकर नमकीन का सैंपल लेकर उसे जांच के लिए आगरा की लैब में भेजा था।
जांच में नमूना फेल हो गया। यदि दुकानदार जांच रिपोर्ट से संतुष्ट नहीं होता तो उसका नमूना दोबारा भी जांच के लिए भेजे जाने की प्रक्रिया होती है।
विजय के मुताबिक बाबू संजय कुमार ने दोबारा नमूना जांच को भेजवानेे और नमूना पास कराने के लिए एक लाख रुपये की डिमांड की थी।
इसके बाद डील 50 हजार रुपये पर तय हो गई। दो दिन पहले विजय रस्तोगी ने लखनऊ पहुंचकर एंटी करप्शन के अफसरों को घूस मांगे जाने की जानकारी दी।
बुधवार को एंटी करप्शन की टीम के प्रभारी जटाशंकर सिंह की अगुवाई में श्याम चंद्र त्रिपाठी, मान सिंह, जयराम पाल, देव प्रकाश मिश्र, राजेंद्र सिंह, संतोष कुमार सिंह, विनोद कुमार सिंह आदि यहां पर पहुंचे।
टीम के सदस्यों के कहने पर पीड़ित ने फोन कर बाबू को कलेक्ट्रेट के दूसरे गेट पर बुलाया और उसे 50 हजार रुपये दे दिए। बाबू जैसे ही रुपये गिनने ही टीम ने उसे दबोच लिया।
बाबू वहां से भागा, लेकिन टीम के सदस्यों ने उसे जमकर पीटा और गाड़ी में बैठाकर कोतवाली ले आई। इस घटना से वहां पर अफरातफरी मच गई।
एंटी करप्शन टीम के प्रभारी जटाशंकर सिंह ने बताया कि एफएसडीए के बाबू संजय कुमार को 50 हजार रुपये घूस लेते रंगे हाथों पकड़ा गया है।
उसके खिलाफ कोतवाली में केस दर्ज करा दिया गया है। सदर कोतवाल अशोक सिंह ने बताया कि बाबू के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। उसे जेल भेजा जाएगा।