रायबरेली। विधायक निधि से बछरावां में लगने वाली 246 सोलर लाइटों के काम को निरस्त कर दिया गया है। लखनऊ की संस्था को 361 सोलर लाइटें लगवाने के लिए पहली किस्त के रूप में 47.65 लाख रुपये दिए गए थे, लेकिन एक साल में भी काम पूरा न कराए जाने पर यह निर्णय लिया गया है।
संस्था ने 115 सोलर लाइटें लगाने के बाद शेष 22.47 लाख रुपये वापस भी कर दिए हैं। बछरावां विधानसभा क्षेत्र में लगाई गईं 115 सोलर लाइटों की सूची संस्था से मांगी गई है, जिससे उसका सत्यापन कराया जा सके।
भाजपा विधायक रामनरेश रावत ने पिछले साल क्षेत्र को रोशन करने के लिए निधि से 361 सोलर लाइटें लगवाने की स्वीकृति दी थी।
सोलर लाइट लगाने में 79.22 लाख रुपये खर्च होने थे। लखनऊ की संस्था को पहली किस्त के रूप में 47.65 लाख रुपये दिए गए थे। संस्था ने काम को पूरा कराने में लापरवाही की। अब तक मात्र 115 लाइटें ही लगाई हैं। काम में देरी होने पर शेष लाइटों के काम को निरस्त कर दिया गया।
लाइट लगाने का काम निरस्त किए जाने के बाद संस्था ने 115 लाइटें लगाकर शेष 246 लाइटों को 22.47 लाख रुपये डीआरडीए को वापस कर दिया है।
संस्था का पत्र आने के बाद पीडी ने संस्था के संचालक को पत्र जारी करके लगाई गई सोलर लाइटों की पूरी सूची देने के आदेश दिए हैं, जिससे लाइटों के सत्यापन का काम कराया जा सके।
परिवहन मंत्री के ढाई लाख जिले में होंगे खर्च
परिवहन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रोटोकाल व ऊर्जा राज्यमंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने जिले को अपनी निधि से ढाई करोड़ दिए हैं। हालांकि ई-कुबेर प्रणाली लागू होने के कारण धनराशि भेजने के लिए जालौन उरई के परियोजना निदेशक ने यहां के पीडी ने पीएलए खाते के साथ ही अन्य डिटेल मांगा है। यह सूचना भेजने के बाद जिले को धनराशि मिल जाएगी।
बछरावां में सोलर लाइटें विधायक निधि से लगनी थी। धनराशि पिछले साल ही भेजी गई थी। 246 लाइटों का बजट संस्था ने वापस किया है। संस्था द्वारा लगाई गईं 115 लाइटों की सूची मांगी गई है। सूची आने के बाद सत्यापन कराया जाएगा।
प्रेमचंद्र पटेल, पीडी डीआरडीए