शिवगढ़-महराजगंज। नहरों की सिल्ट सफाई में की गई मनमानी की पोल खुलने लगी है। पानी छोड़ने के बाद रविवार रात तीन जगह नहर की पटरियां कटने से 100 बीघे खेत में पानी भर गया। कहीं किसानों ने गेहूं की बोआई कर ली थी, तो कहीं पर बोआई की तैयारी कर रहे थे। खेतों में पानी भरने से बोआई का काम प्रभावित हो गया है। इससे किसानों में नाराजगी है।
शिवगढ़ क्षेत्र से होकर निकली बारी माइनर पूरे सुब्बा मजरे सीवन गांव के पास कट गई। सुबह जब किसान खेत की तरफ गए, तो लबालब पानी भरा था। जब तक किसान और सिंचाई विभाग के कर्मचारी माइनर को बांधते, तब तक 50 बीघे खेतों में पानी भर गया। किसान छविनाथ, राम नारायण सिंह, लक्ष्मण सिंह, हरिबहादुर सिंह, राम आधार सिंह, नंदकुमार सिंह, शिवकुमार सिंह, उमनाथ सिंह ने बताया कि ज्यादातर किसान अभी गेहूं बोआई की तैयारी कर रहे थे। खेत में पानी भरने से बोआई का काम ठप हो गया है, जिन लोगों ने बोआई कर ली थी। उनकी फसल खराब होने का डर है।
किसानों ने बताया कि माइनर की सफाई में खानापूर्ति की गई। यही वजह है कि कटान हो गई। महराजगंज क्षेत्र के पूरे भगन का पुरवा गांव के पास पोखरनी माइनर में कटान हो गया। इससे 20 बीघा खेत जलमग्न हो गए। कल्लू, इंद्रपाल, ब्रजपाल सिंह ने बताया कि माइनर की ठीक से सफाई नहीं कराई गई। यही वजह है कि टेल तक पहुंचाने से पहले कटान हो गया।
किसानों का कहना है कि कटान नहीं बंद होने से पानी गांव के करीब पहुंच गया है। इसी तरह पूरे बल्दी मजरे खैरा गांव के पास सारीपुर माइनर कट गई। इससे कई किसानों के खेत में बोयी गेहूं की फसल डूब गई। कई किसानों बोआई की तैयारी कर रहे थे। उनके खेत पानी से लबालब भर गए।
किसान रामशरन, च्रद्रभान यादव ने बताया कि गेहूं की बोआई कर ली थी, लेकिन पानी भरने से फसल खराब हो सकती है। किसानों ने बताया कि सूचना के बावजूद कोई मौके पर पहुंचा। ग्रामीणों की मदद से कटान को बांधा गया। अधिशासी अभियंता सुशील कुमार ने बताया कि कटान को बंद करा दिया गया है।