दहिलामऊ में स्थित तबेले में बैठे मवेशी। संवाद
सड़कों पर बिखरे पड़े गोबर, गलियों में गोवंशों के झुंड, जगह-जगह डंप पड़े गोबर के ढेर जल्द ही हटेंगे। नगरपालिका की टीम शहर में मनमाने तरीके से चलाए जा रहे तबेलों को हटाने की तैयारी में है। जल्द ही संचालकों को नोटिस थमाए जाएंगे। पखवाड़े भर अभियान चलाकर तबेलों को हटाया जाएगा।
शहर में 25 वार्ड हैं। इन वार्डों में कहीं एक तो कहीं दो तबेले हैं। यहीं पर डेयरी भी चलती हैं। छोटे-बड़े मिलाकर करीब 50 तबेले शहर में संचालित हो रहे हैं। इनसे निकलने वाले अपशिष्ट पदार्थ को नालियों में फेंका जा रहा है। गंदगी का ढेर है। दुर्गंध से आसपास के लोगों का जीना दूभर हो जा रहा है। साफ-सफाई करने वाले कर्मचारी भी परेशान हैं।
इसे लेकर कई बार नगरपालिका की टीम ने तबेला संचालकों संपर्क किया। उन्हें तबेलों को शिफ्ट करने का निर्देश दिया। कई बार नोटिस जारी किया गया लेकिन संचालकों पर कोई असर नहीं पड़ा। अब उनपर कार्रवाई की तैयारी है।
ईओ राकेश कुमार ने बताया कि तबेला संचालकों को आखिरी नोटिस जारी किया गया है। इसमें उन्हें 15 दिन का समय दिया गया है। ऐसा नहीं करने टीम अभियान चलाकर तबेलों को हटवाएगी।
गोवंश के झुंड से आए दिन हादसा
तबेलों में गोवंश सुबह और रात में ही देखे जाते हैं। इसके अलावा दिनभर गोवंश को शहर के चौराहों और गलियों में घूमते हैं। तबेला संचालक इन्हें छोड़ देते हैं। कई बार लोग इनकी चपेट में आकर घायल हो जाते हैं।