कोरोना महामारी को रोकने के लिए लाकडाउन लागू है। जिसका आए दिन लोग उल्लंघन कर रहे हैं। इससे पुलिस व प्रशासनिक अमले को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में शासन के आदेश पर जिले में दो अस्थायी जेल बनाई गई है।
जिसमे लाकडाउन का उल्लंघन व महामारी फैलाकर दूसरों का जीवन संकट में डालने वाले लोगों को मजिस्ट्रेट के आदेश पर रखा जाएगा। अस्थायी जेलों में निरुद्ध होने वाले लोगों की निगरानी के लिए एक डिप्टी जेलर व दस बंदीरक्षक लगाए जाएंगे। इसके अलावा अतिरिक्त फोर्स भी लगाई जाएगी।
कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए लाकडाउन के साथ ही जिले में निषेधाज्ञा लागू है। एक जगह अधिक संख्या में भीड़ एकत्र करने पर पूरी तरह से रोक लगाई गई है। जिले में भी कोरोना के 6 संक्रमित मिल चुके हैं। जिनका उपचार के बाद रिपोर्ट निगेटिव आई है।
सभी को स्वास्थ्य कर्मचारियों की निगरानी में सुरक्षा के बीच जिला अस्पताल में रखा गया है। शासन ने जिले में दो अस्थायी जेलों को बनाने का निर्देश दिया था।
आदेश के अनुपालन में जीआईसी व पालीटेक्निक चिलबिला को अस्थाई जेल के रूप में चिन्हित किया गया है। जेल अधीक्षक आरपी चौधरी ने बताया कि जरूरत पड़ी तो एक डिप्टी जेलर व दस बंदी रक्षकों की ड्यूटी लगाई जाएगी। सूची तैयार कर ली गई है।
जरूरत पड़ी तो लाकडाउन का उल्लंघन करने व महामारी फैलाकर दूसरों का जीवन खतरे में डालने वाले लोगों को अस्थायी जेलों में रखा जाएगा। फिलहाल अभी जनपद में ऐसी कोई स्थिति नहीं पैदा हुई है।
मोहनलाल गुप्ता, एसडीएम सदर