जिले में बुधवार की शाम पांच करीब एक घंटे तक बारिश हुई। इससे जगह-जगह बिजली के खंभे टूट गए। पेड़ गिरे व टिनशेड उड़ गए। धान की फसलें खेतों में गिर गईं।
आफत की बारिश में किसानों की उम्मीदों पर पानी फिर गया। बिजली व्यवस्था भी चरमरा गई। शहर से लेकर गांव तक कई जगहों पर अंधेरा छाया रहा।
शाम को आंधी का असर तो करीब 10 मिनट तक ही रहा लेकिन बारिश करीब एक घंटे हुई। इससे शहर के बाबागंज, रूपापुर, कादीपुर व दहिलामऊ उपकेंद्र की बिजली गुल हो गई।
ग्रामीण अंचल के कटरा गुलाब सिंह, ढेमा, तरौल, गंभीरा, जगदीशपुर, गौरा समेत कई जगहों पर हुई बारिश से खेतों में काटकर रखी गई धान की फसलें जलमग्न हो गईं। किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है।
बिजली के तार व खंभे गिरे : संडवा चंद्रिका। आंधी और बारिश ने संडवा चंद्रिका व अंतू उपकेंद्रों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। दोनों उपकेंद्रों के करीब 50 गांवों में अंधेरा छा गया। अंतू उपकेंद्र के जेई गोविंद विश्वकर्मा ने बताया कि आंधी के कारण कई स्थानों पर बिजली के तार टूटकर गिर गए हैं। उन्हें दुरुस्त कराया जा रहा है।
लालगंज विकासखंड के रायपुर तियाई में गिरी धान की फसल। संवाद
लालगंज विकासखंड के रायपुर तियाई में गिरी धान की फसल। संवाद
लालगंज विकासखंड के रायपुर तियाई में गिरी धान की फसल। संवाद