फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Pratapgarh News: मेडिकल कॉलेज में 25 दिन बाद मिल रहा जांच का नंबर

विज्ञापन
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में एक अल्ट्रासाउंड मशीन से ही मरीजों की जांच की जा रही है। यहां चिकित्सक से जांच लिखवाने के 25 से 30 दिन बाद जांच कराने का नंबर मिल रहा है। इससे सबसे ज्यादा परेशान गर्भवती महिलाएं हैं। मेडिकल कॉलेज में मुफ्त में होने वाली अल्ट्रासाउंड जांच के लिए उन्हें निजी पैथोलॉजी केंद्रों पर 800 से 1500 रुपये देने पड़ रहे हैं।
विज्ञापन

मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों की ओपीडी में औसतन प्रतिदिन 18 सौ मरीजाें का पंजीयन होता है। इनमें से चिकित्सक तीन सौ मरीजों को औसतन अल्ट्रासाउंड जांच की सलाह देते हैं। इसमें अधिकांश गर्भवती महिलाएं होती हैं। एक अल्ट्रासाउंड मशीन से हर दिन 40 से 50 ही मरीजों की जांच हो पाती है। जिस कारण बचे हुए मरीजों को 25 से 30 दिन बाद जांच की तिथि दी जा रही है। जिस वजह से उन्हें निजी पैथोलॉजी केंद्रों पर जाना पड़ रहा है।
बोली महिलाएं
बहू गर्भवती है। जांच और इलाज कराने के लिए महिला अस्पताल लेकर गई। डॉक्टर ने अल्ट्रासाउंड जांच कराने को कहा। जांच कराने पहुंची तो 14 नवंबर को जांच के लिए बुलाया गया। एक हजार रुपये देकर निजी सेंटर पर जांच कराई।
विज्ञापन

शिव कुमारी, पटहटिया कला।
-
पेट दर्द से परेशान हूं। चिकित्सक पथरी होने का अंदेशा जता रहे हैं, डॉक्टर की सलाह पर जांच कराने मेडिकल कॉलेज के अल्ट्रासाउंड विभाग में पहुंची तो 13 सितंबर को बुलाया गया। मजबूरन निजी पैथोलॉजी में जांच करानी पड़ी। - विनीता मौर्य, जगेशरगंज।
बोेले प्राचार्य
मेडिकल कॉलेज में एक ही रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती है, इसलिए दिक्कतें हो रही हैं। गर्भवती महिलाओं की अल्ट्रासाउंड जांच के लिए अलग से व्यवस्था किए जाने के लिए सीएमओ को पत्र भेजा गया है। - डॉ. सरोज प्रसाद, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें