बाघराय थाना क्षेत्र के बेधनगोपालपुर गांव में पड़ोसियों के बीच हुए विवाद में एक पक्ष ने लाठी-डंडे और सरिये से लैस होकर दूसरे पक्ष पर हमला कर दिया था। घटना में पिता को बचाने के लिए उनके ऊपर लेटी बालिका (पूजा-12) गंभीर रूप से जख्मी हो गई थी जिसे उपचार के लिए एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उपचार के दाैरान 23 अक्तूबर को पूजा ने दम तोड़ दिया। इससे नाराज परिजन शुक्रवार को शव दफनाने के लिए फावड़े कुदाल के साथ आरोपियों के घर पहुंच गए। साथ ही घर के अंदर शव दफनाने की तैयारी करने लगे। सूचना पर पहुंची पुलिस-प्रशासन की टीम ने उन्हें समझा-बुझाकर शांत कराया। घंटों बाद मामले में आठ आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई के आश्वासन पर प्रदर्शनकारियों का गुस्सा शांत हुआ।
पुलिस के अनुसार, बेधनगोपालपुर निवासी रामचंद्र सरोज और पड़ोसी कुंवारे सरोज के बीच पहले से रंजिश चली आ रही थी। आरोप है कि 19 अक्तूबर को रामचंद्र सरोज के भाई की पत्नी के साथ दूसरे पक्ष के कुछ लोगों ने छेड़खानी कर दी। इसे लेकर विवाद बढ़ने पर 20 अक्तूबर को दूसरे पक्ष ने रामचंद्र सरोज व उनके परिजनों पर लाठी डंडा, कुल्हाड़ी से हमला बोल दिया। आरोप है कि इस दाैरान हमलावरों ने फायरिंग भी की। बताया जा रहा है कि रामचंद्र को आरोपियों ने लाठी-डंडों से पीटना शुरू किया तो उनकी बेटी पूजा-12 ऊपर से लेट गई। इसके बाद आरोपियों ने उसे भी नहीं बख्शा। उसके सिर पर तमंचे के बट से प्रहार कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी। उपचार के दाैरान 23 अक्तूबर को पूजा की माैत के बाद आक्रोशित परिजन शव लेकर आरोपी के घर पहुंच गए और दफनाने की जिद पर अड़ गए। हालांकि इस दाैरान सभी आरोपी घर छोड़कर पहले ही फरार हो गए थे। सूचना मिलने पर बवाल की आशंका को देखते हुए एसडीएम समेत प्रशासन और पुलिस की टीम माैके पर पहुंची। मामले में नामजद आरोपी रामकुमार उर्फ कुंवारे, हरीलाल ,प्रदीप कुमार, बलदेव, शिवा, अरुण कुमार, धर्मेंद्र व एक बाल अपचारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। प्रशासन की ओर से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और पीड़ित पक्ष को हर संभव सहायता के आश्वासन पर प्रदर्शनकारियों का गुस्सा शांत हुआ। इस दाैरान परिजनों ने डीएम को संबोधित छह सूत्रीय ज्ञापन एसओ को सौंपा। इसमें सुरक्षा के लिए शस्त्र लाइसेंस, 50 लाख की आर्थिक मदद, परिवार की सुरक्षा, आरोपियों को सख्त सजा दिलाने समेत अन्य मांग शामिल रही। सीओ सदर करिश्मा गुप्ता ने बताया कि एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीं मामले में आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
आरोपी और महिलाएं घर छोड़कर फरार, मृत मिली भैंस
मारपीट की घटना के बाद आरोपियों के सभी परिजन घर छोड़कर फरार हो गए थे। ऐसे में शुक्रवार को हंगामे के बीच आरोपियों के घर मृतका का शव दफनाने की जिद करते हुए आक्रोशित लोग पहुंचे तो एक आरोपी के मकान में भैंस मृत मिली। लोगों ने बताया कि घर में भैंस बंद थी जो भूख प्यास से मर गई।