बिहारगंज गोलीकांड के एक दिन पहले हिस्ट्रीशीटर मस्सन से अपने आवास पर पैकेट लेने के मामले में नगर कोतवाली में भ्रष्टाचार के दर्ज मुकदमे में फरार चल रहे निलंबित तत्कालीन कोतवाल जयचंद भारती अब 50 हजार का इनामी हो गया है। कौशांबी एसपी ने उस पर 25 हजार का इनाम रखा था। अब प्रयागराज आईजी अजय मिश्रा ने उस पर 50 हजार का इनाम घोषित किया है।
नगर कोतवाली के बिहारगंज बाजार में 17 जून को चचेरे भाइयों को गोली मारने की घटना के दूसरे दिन ही आईजी अजय मिश्रा के निर्देश पर लापरवाही बरतने वाले तत्कालीन शहर कोतवाल जयचंद भारती को निलंबित कर दिया गया था। छानबीन में यह पता चला कि घटना के एक दिन पहले अंतू थाने का हिस्ट्रीशीटर मस्सन कोतवाली आया था। तत्कालीन कोतवाल जयचंद से आवास में मिलने जाते समय पैकेट ले गया। जिसमे रुपये होने की संभावना जताई गई थी।
उस पैकेट को जयचंद ने अपने पास रख लिया था। इतना ही नहीं गोलीकांड से पहले तीन बार उससे फोन पर बात भी की थी। सीसीटीवी फुटेज में आरोप सही मिलने पर आईजी के आदेश पर शहर कोतवाल नीरज यादव ने जयचंद के खिलाफ भ्रष्टाचार का केस दर्ज कराया था। हालांकि, केस दर्ज होने से पहले ही जयचंद पुलिस लाइन से फरार हो गया था।
दर्ज मुकदमे की विवेचना कौशांबी जनपद के मंझनपुर सीओ शिवांक सिंह को सौंपी गई। विवेचना के दौरान सीओ ने मस्सन और उसके भाई सोनू को भी भ्रष्टाचार के केस में आरोपी बनाया है। निलंबित कोतवाल जयचंद भारती की पिछले दिनों भ्रष्टाचार निरोधक कोर्ट ने अग्रिम जमानत खारिज कर दी। ऐसे में कौशांबी के पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार ने उस पर 25 हजार का इनाम घोषित कर दिया था। अब आईजी प्रयागराज अजय कुमार मिश्र ने इनाम की राशि बढ़ाकर 50 हजार कर दी है।
सरेबाजार चचेरे भाइयों को मारी गई थी गोली
नगर कोतवाली के बिहारगंज बाजार में 17 जून को मिठाई दुकानदार मुकेश जायसवाल से टाइल्स कारोबारी सोनू से विवाद हो गया। बोलेरो से पहुंचे लोगों ने बाजार में जमकर मारपीट की। हमलावरों ने मुकेश व उसके चचेरे भाई अमित जायसवाल को गोली मार दी। मारपीट में दिलीप उर्फ टिंकू व पप्पू जायसवाल भी घायल हो गए थे। बाजार के लोगों ने जानलेवा हमले की घटना में शामिल एचएस मस्सन को कोतवाल जयचंद समेत पुलिसकर्मियों के करीबी होने का आरोप लगाया था। हालांकि उसी दिन पुलिस ने मस्सन समेत दो आरोपियों को मुठभेड़ में पकड़ भी लिया था।