- ग्राम प्रधान पर मुकदमा दर्ज करने का आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापगढ़। शौचालय निर्माण की धनराशि गबन करने वाले ग्राम पंचायत अधिकारी को जिलाधिकारी के आदेश पर निलंबित कर दिया गया है। ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए बीडीओ को आदेश दिया गया है।
विकासखंड रामपुर संग्रामगढ़ के बीजूमऊ स्वामीनाथ सरोज ने 26 दिसंबर 2022 को जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर शौचालय निर्माण की जांच कराए जाने की मांग की गई थी। सहायक विकास अधिकारी पंचायत को जांच अधिकारी नामित किया गया।
जांच रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी ने तत्कालीन ग्राम प्रधान अभिषेक मिश्र, ग्राम पंचायत सचिव रविशंकर सोनकर को कारण बताओ नोटिस जारी किया। ग्राम पंचायत सचिव रविशंकर सोनकर की ओर से शौचालय निर्माण की फोटोग्राफ्स और जियोटैग की सूची संलग्न करते हुए रिपोर्ट प्रस्तुत की गई।
तत्कालीन ग्राम प्रधान अभिषेक मिश्र की तरफ से कोई जवाब नहीं दिया गया। ग्राम पंचायत सचिव रविशंकर सोनकर की रिपोर्ट का स्थलीय सत्यापन कर आख्या देने की जिम्मेदारी अपर जिला पंचायत राज अधिकारी हेमचंद्र यादव, अतुल मिश्र, जिला परियोजना समन्वयक स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) को दी गई।
सत्यापन की रिपोर्ट के आधार पर प्रधान के पिता चंद्रबली मिश्रा की ओर से 17 लाख 51 हजार का आहरण किया गया और ग्राम प्रधान अभिषेक द्वारा विभिन्न तिथियों में 8 लाख 20 हजार रुपये आहरित किया गया। 198 शौचालय का निर्माण नहीं कराया गया। 14 लाभार्थियों के नाम ग्राम पंचायत में नहीं पाए गए।
कुल 212 लाभार्थियों की धनराशि 25 लाख 44 हजार रुपये का गबन किया गया। ग्राम प्रधान अभिषेक मिश्र और तत्कालीन ग्राम पंचायत सचिव रविशंकर सोनकर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का आदेश जिलाधिकारी संजीव रंजन ने बीडीओ रामपुर संग्रामगढ़़ को दिया है।
डीपीआरओ आलोक सिन्हा ने बताया कि ग्राम पंचायत सचिव को निलंबित किया गया है। प्रधान और सचिव के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।