लद्दाख सीमा पर तनातनी के बीच केंद्र सरकार ने गेमिंग एप पबजी समेत 118 चीनी एप्स पर पाबंदी लगा दी है। पबजी बंद होने से बच्चे जहां निराश दिख रहे हैं, वहीं माता-पिता को चैन मिल गया है। आनलाइन गेम पबजी के फेर में बच्चे परिजनों की अनदेखी करने लगे थे। ऐसे में पबजी गेम खेलने वाले बच्चों के परिवारवालों ने राहत की सांस ली है।
आनलाइन गेम पबजी के जाल में बेल्हा के भी युवक व बच्चे फंस गए थे। पढ़ाई व काम से फुर्सत मिलते ही बच्चे व युवक अपने साथियों के साथ गेम खेलने बैठ जाते थे। देर रात तक मोबाइल पर गेम खेलने के दौरान उनकी आवाजों से परिजन परेशान हो जाते थे। गेम के चक्कर में बच्चों का व्यवहार भी लगातार बिगड़ रहा था। पढ़ने में भी कम रुचि लेते थे। गेम के दौरान परिवार के सदस्य यदि किसी काम के लिए बोलते थे तो वह नाराज हो जाते थे। पबजी की दीवानगी बच्चों व युवाओं के सिर चढ़कर बोल रही थी। ऐसे में केंद्र सरकार की पाबंदी ने बच्चों को परेशान कर दिया। हालांकि इस फैसले से परिवार के सदस्यों ने चैन की सांस ली है।
सरकार का कदम सराहनीय
शहर के विवेक नगर निवासी अनिल पांडेय ने केंद्र सरकार के इस फैसले की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इस गेम ने लोगों के घर का माहौल खराब करके रख दिया था। बच्चों व युवाओं का लगातार व्यवहार बिगड़ रहा था।
गेम से बच्चों की बदल रही थी सोच
जेल रोड अचलपुर के चिकित्सक डा. सुधांशु उपाध्याय का कहना है कि पबजी एप ने बच्चों की सोच बदलकर रख दी थी। बच्चे लगातार चिड़चिड़ेपन का शिकार हो रहे थे। उनकी शरीरिक क्षमता भी कमजोर हो रही थी। गेम खेलते हुए कई बच्चों ने जान तक दे दी थी। केंद्र सरकार ने भले ही तनातनी के बीच यह फैसला लिया हो, लेकिन निर्णय बेहतर है।
गेम से बच्चों का बदल रहा था व्यवहार
अंतू के उमरी निवासी रिंकू मिश्रा का कहना है कि पबजी एप बंद कर सरकार ने सराहनीय कार्य किया है। इस गेम के लती बच्चों का व्यवहार लगातार बदल रहा था। उनके मन में हमेशा मारधाड़ ही चलता रहता था। पढ़ने-लिखने के बाद समय मिलते ही मोबाइल पर गेम शुरू हो जाता था।
बच्चों की पबजी के प्रति दीवानगी थी खतरनाक
आनलाइन गेम पबजी के प्रति बच्चों की दीवानगी खतरनाक थी। समझाने के बाद भी बच्चे मोबाइल लेकर एकांत में गेम खेलने लगते थे। कई बार तो उनकी आवाजें सुनकर ऐसा लगता था कि सही-सही कोई बात हो गई है। जिसके चलते परिवार के लोगों को भागकर उस स्थान तक आना पड़ता था। समझाने का भी बच्चों पर असर नहीं पड़ता था। यहां तक कि मोबाइल के लिए बहन व भाइयों से नाराजगी हो जाती थी। फिलहाल पबजी गेम बंद होने से राहत मिली है।