मानधाता ब्लाक परिसर के अंदर मवेशियों को करते ग्रामीण।
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महिला ब्लाककर्मियों से अभद्रता, दरवाजा नहीं खोलने पर अड़े
चार घंटे तक कैद रहे कर्मचारी, सूचना के बाद भी नहीं पहुंची पुलिस
मानधाता/जेठवारा (संवाद)। फसलों को तहस-नहस करने वाले आवारा पशुओं से ऊब चुके सरायनाहरराय गांव के किसानों ने लगभग एक सौ की संख्या में आवारा जानवरों को ब्लाक परिसर में कैद कर बाहर से ताला बंद कर दिया। इससे ब्लाक परिसर में मौजूद कर्मचारी भी बंधक बन गए। महिला कर्मचारियों ने निकलने का प्रयास किया तो कुछ लोग अभद्रता पर आमादा हो गए। जानवरों को अंदर करने वाले किसान ब्लाक गेट पर प्रदर्शन करते हुए अफसरों को बुलाने की जिद पर अड़ गए। मगर जिले के सभी अफसरों के कालाकांकर में होने से कोई मौके पर नहीं पहुंचा।
मानधाता ब्लाक के किसान इन दिनों आवारा पशुओं के उत्पात से बेहद परेशान हैं। गेहूं की फसलों को खाने के साथ ही पैरों से कुचलकर नष्ट कर दे रहे हैं। शुक्रवार को सरायनाहरराय के किसान आवारा पशुओं का झुंड लेकर ब्लाक परिसर पहुंच गए। लगभग 11 बजे सैकड़ों की संख्या में पहुंचे जानवर ब्लाक परिसर में अंदर होते ही कर्मचारियों के होश उड़ गए। कर्मचारी कुछ समझ पाते इससे पहले किसान प्रवेश द्वार पर ताला लगाकर हंगामा करने लगे। लगभग साढ़े तीन बजे तक चले प्रदर्शन के दौरान महिला कर्मचारी बाहर निकलने का प्रयास किया तो कुछ लोगों ने अभद्रता करते हुए निकलने से मना कर दिया। किसानों की मांग थी कि कोई जिम्मेदार अफसर आए और इन जानवरों को सुरक्षित जगह रखने की पहल की जाए। ब्लाक में स्थायी बीडीओ नहीं होने पर पीडी आरसी शर्मा को अतिरिक्त प्रभार मिला हुआ है। किसानों का आक्रोश देखकर पुलिस भी बैकपुट पर नजर आई। हालांकि स्थानीय शाम को पुलिस जागी और मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को डंडा पटककर भगाया।
मानधाता ब्लाक परिसर में मवेशियों को बंद कर गेट पर बैठे ग्रामीण।- फोटो : PRATAPGARH