कूड़े में मतपत्र फेंके जाने की खबर से प्रशासन के होश उड़ गए हैं। चौथे चरण के चुनाव में इसके दुरुपयोग होने के सवाल पर कोई जवाब नहीं सूझता देख बौखलाए अधिकारियों ने जांच के निर्देश दे दिए हैं। एसडीएम लालगंज मतपत्रों की तलाश पूरी होने के बाद छानबीन कराकर दोषी मतदान कर्मियों पर कार्रवाई करेंगे। बुधवार को तहसील प्रशासन दिनभर मतपत्रों की खोजबीन में मुस्तैद दिखा।
तीसरे चरण के चुनाव के बाद लापरवाह मतदानकर्मी जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत के मतपत्रों को कू ड़े की तरह फेंक चलते बने। सांगीपुर, रामपुर, लालगंज व लक्ष्मणपुर विकास खंडों में जहां पोलिंग पार्टियों ने मतपेटिकाओं को जमा किया था, वहां पर दूसरे दिन से राहगीरों व छात्रों के हाथों में फेंके गए मतपत्र पहुंचने लगे। इसकी जानकारी होने पर अमर उजाला ने बुधवार के अंक में मतदान कर्मियों की लापरवाही प्रमुखता के साथ उजागर की। खबर में मतपत्रों के चौथे चरण के चुनावों में दुरुपयोग होने की आशंका जताई गई थी।
यह खबर छपते हीे जिला प्रशासन के होश उड़ गए। चौथे चरण में दुरुपयोग होने की संभावना से बौखलाए प्रशासन मतपत्र फें के जाने के मामले में जांच के निर्देश दे दिए हैं। उपजिलाधिकारी लालगंज वाईबी सिंह ने इसकी छानबीन भी शुरू कर दी है। फेंके गए मतपत्रों की तलाश की जा रही है। मतपत्र मिलने के बाद उसके सीरियल नंबर का मिलान कराया जाएगा। यह भी देखा जाएगा कि लापरवाही पीठासीन अधिकारियों से हुई है या न्याय पंचायत स्तर पर लगाए गए एआरओ से यह चूक हो गई। बुधवार को खबर का असर भी देखने को मिला। चारों विकास खंडों में जहां स्ट्रांग रूम बनाया गया है वहां सफाई कर्मियों को लगाकर साफ-सफाई कराई गई। चुनाव से संबंधित जो भी कागजात मिले उसे प्रशासन ने जलवा दिया। अब सवाल यह है कि प्रशासन की जांच कब पूरी होगी और ऐसे में चौथे चरण का
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के जो मतपत्र कूड़े की तरह फेंक दिए गए हैं, उसके चौथे चरण के चुनाव में दुरुपयोग होने की पूरी आशंका है। चर्चा है कि पूरी तरह से सुरक्षित मतपत्र रिश्तेदारों या परिचितों के हाथों यदि उन इलाकों में पहुंच जाएंगे जहां अभी मतदान होना है तो वहां के वोटर मतपत्रों को छिपाकर बूथ तक ले जांएगे और वहां मिलने वाले मतपत्रों के साथ इन पर भी मुहर लगाकर मतपेटिका में डाल देंगे। ऐसे में निष्पक्ष चुनाव कराने के प्रशासन के दावे की कलई खुल सकती है। चौथे चरण का चुनाव जहां होने जा रहा है वहां के बूथ लालगंज तहसील से सटे हुए भी हैं और नजदीक होने के चलते लोगों की रिश्तेदारियां भी खूब हैं।