ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करने वाले बेटे ने पिता के थप्पड़ मारने से नाराज होकर लाठी-डंडे से पीटकर उसकी हत्या कर दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी बेटे को हिरासत में ले लिया।
कोहड़ौर थाना क्षेत्र के नरहरपुर व कांधरपुर स्थित ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करने के लिए छत्तीसगढ़ से कुछ मजदूर अपने परिवार के साथ आए हैं। सभी ईंट-भट्ठे के करीब बने आवास में रहते थे। छत्तीसगढ़ के जसपुर जनपद के कोरवा का रहने वाले संझिया पहाड़ी (50) अपने बेटे सुरेंद्र व पत्नी के साथ कांधरपुर में ईंट पाथने का काम करता था।
बेटा सुरेंद्र नारायणपुर स्थित ईंट-भट्ठे पर काम करता था। कोहड़ौर थानाध्यक्ष ने बताया कि बुधवार की रात पिता-पुत्र समेत कुछ और लोग नारायणपुर स्थित ईंट-भट्ठे पर एकत्र हुए थे। शाम को सभी को मजदूरी भी मिली थी। पिता-पुत्र के साथ दूसरे मजदूरों ने बैठकर शराब पी। इस बीच किसी बात को लेकर संझिया ने बेटे सुरेंद्र को दो थप्पड़ जड़ दिए।
जिससे वह नाराज हो गया और चूल्हे पर खाना बनाने के लिए रखी लकड़ी उठाकर संझिया के सिर पर प्रहार कर दिया। यह देख दूसरे लोग शोर मचाते हुए बाहर की ओर भागे। सूचना मिलने पर पुलिसकर्मी पहुंच गए।
घायल संझिया को जिला अस्पताल लाया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने आरोपी सुरेंद्र को हिरासत में लेकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पत्नी की तहरीर पर बेटे के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
घर जाने की थी तैयारी, बन रहा था मुर्गा
ईंट-भट्ठे की पथाई का काम बंद होने के कारण बुधवार को ठेकेदार ने छत्तीसगढ़ से आए सभी मजदूरों के पारिश्रमिक का भुगतान कर दिया था। गुरुवार को संझिया भी अपने परिवार के साथ घर जाने के लिए तैयार था। घर जाने की खुशी में दारू-मुर्गा का इंतजाम किया गया था। शराब के सेवन के बीच मुर्गा बन रहा था, लेकिन खाने की नौबत नहीं आई।