जगतगुरु स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद महराज के समर्थन में आए लोग। संस्था
शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के आगमन के कार्यक्रम को लेकर लोग दो गुटों में बंट गए हैं। एक तरफ जहां व्यापक तैयारियां की जा रही हैं, वहीं दूसरी ओर प्रशासनिक अफसरों को पत्र भेजकर आने पर रोक लगाने की मांग की जा रही है। बृहस्पतिवार को बेल्हा देवी धाम में एकत्रित हुए अनुयायियों ने कहा कि जो विरोध का स्वर उठाएगा, उसे मुंहतोड़ जवाब भी दिया जाएगा।
शुक्रवार को शंकराचार्य रामपुर खास विधानसभा क्षेत्र में प्रवेश करेंगे। वह धर्म सम्राट स्वामी करपात्री की जन्मभूमि उमरपुर भटनी जाएंगे। वहां पर ग्राम प्रधान ठाकुर राकेश सिंह, पूर्व प्रधान अशोक सिंह, रमेश सिंह के नेतृत्व में भव्य स्वागत होगा।
लालगंज में ज्ञान प्रकाश शुक्ला के नेतृत्व में अधिवक्ता स्वागत करेंगे। सगरा सुंदरपुर, मोहनगंज, अंबेडकर चौराहा व ट्रेजरी चौराहा के रास्ते वह मां बेल्हा देवी धाम पहुंचेंगे।
बृहस्पतिवार की शाम बेल्हा देवी परिसर में धर्माचार्य ओम प्रकाश पांडेय, प्रभारी शैलेंद्र सिंह, आचार्य ओम प्रकाश मिश्रा आचार्य समेत अन्य ने बैठक की। समर्थकों ने चेताया है कि अगर किसी ने अव्यवस्था फैलाने का प्रयास किया तो उसे जवाब दिया जाएगा।
वहीं, स्वामी करपात्री जन्मभूमि के संरक्षक शिवराम ओझा ने कहा है कि शंकराचार्य अगर धर्म सम्राट स्वामी करपात्री की धरती पर कदम रखेंगे तो इसका विरोध किया जाएगा। प्रधानमंत्री, गृहमंत्री, मुख्यमंत्री, डीएम और एसपी को ईमेल और रजिस्टर्ड पत्र भेजकर उनके आगमन पर रोक लगाने की मांग की है।