मेडिकल कॉलेज की ओपीडी तीन दिन की छुट्टी के बाद सोमवार की सुबह खुली तो मरीजों की भीड़ उमड़ पड़ी। पुरुष और महिला अस्पताल को मिलाकर पर्चा काउंटर पर 2240 मरीजों के पर्चे बने। इसमें बुखार के सर्वाधिक मरीज फिजीशियन सहित बाल रोग विभाग में पहुंचे।
सोमवार सुबह आठ बजे से ही पर्चा काउंटर पर मरीजों की कतार लगना शुरू हो गई थी। भीड़ अधिक होने के कारण मुश्किलों के साथ मरीजों ने पर्चा बनवाया। इसके बाद चिकित्सकाें के कक्षों के बाहर उन्हें दिखाने के लिए मरीजों की भीड़ जमा हो गई। फिजीशियन कक्ष में डॉ. मनोज खत्री, डॉ. आरसी पांडेय और डॉ. वकील अहमद मरीजों को देख रहे थे। बाल रोग विभाग में डॉ. अनिल कुमार और डॉ. दिलीप कुमार ने मरीजों का इलाज किया। बुखार, सांस रोगी, खांसी के मरीजों की संख्या सर्वाधिक रही।
दवा काउंटर पर भी रही भीड़
मेडिकल कॉलेज परिसर में सुबह से ही हर ओर मरीजों की भीड़ नजर आ रही थी। चिकित्सक को दिखाने के बाद मरीज दवा काउंटर पर पहुंचे। यहां महिला सहित पुरुषों की अलग-अलग कतारें लगीं थीं। पहले दवा लेने को लेकर यहां मरीजों के बीच दो बार धक्का-मुक्की हुई। सुरक्षा कर्मियों ने लोगों को कतार में लगवाया।
ओपीडी कक्ष के सामने ई-रिक्शा चालक को सुरक्षा कर्मियों ने पीटा
राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय की ओपीडी में भीड़ को देखते हुए सुरक्षा कर्मी बाइक, कार और ई-रिक्शा को नहीं जाने दे रहे थे। दोपहर करीब एक बजे मनाही के बाद भी एक चालक जबरन ई-रिक्शा लेकर भीड़ की ओर जा रहा था। सुरक्षा कर्मियों ने रोका तो वह विवाद करने लगा। इससे लोगों के आने-जाने में दिक्कत होने लगी। सुरक्षा कर्मियों ने पहले समझाने का प्रयास किया। चालक अपशब्द बोल दिया तो सुरक्षा कर्मियों ने उसकी पिटाई कर दी। तमाम लोग वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिए। सीएमएस डाॅ. शैलेंद्र कुशवाहा ने बताया कि सुरक्षाकर्मियों से रिक्शा चालक ने मारपीट की है। इसकी शिकायत पुलिस से की गई है।