प्रतापगढ़। विद्युत उपकेंद्र का पैनल फुंकने पर अब पूरे उपकेंद्र की आपूर्ति नहीं ठप होगी। विद्युतकर्मी लाइन इन व लाइन आउट विधि से पूरे उपकेंद्र की आपूर्ति बनाए रखेंगे। मुख्य लाइन के पास इसकी व्यवस्था की जाएगी। खामी पर एक साथ दो उपकेंद्रों को जोड़ा जा सकेगा। इससे उपभोक्ताओं को काफी राहत मिलेगी।
जिले में चार विद्युत वितरण पारेषण खंड हैं। इसके तहत 67 विद्युत उपकेंद्र हैं। शहर में 24 घंटे व गांव में 18 घंटे विद्युत आपूर्ति का रोस्टर है। आपूर्ति व्यवस्था में खामियों के चलते काफी दिक्कत आती है। सबसे ज्यादा दिक्कत ग्रामीण इलाकों में देखने को मिलती है। दरअसल, इसके पीछे विद्युत उपकेंद्रों पर लगे पैनल काफी हद तक जिम्मेदार हैं। पैनल बदहाल होने के कारण बारिश के दिनों में आपूर्ति व्यवस्था फेल हो जाती है। ज्यादातर समस्या पैनल फुंकने व बे्रक डाउन की होती है।
इससे पूरे विद्युत उपकेंद्र की आपूर्ति ठप हो जाती है। पैनल टेक्नीशियन न होने से आपूर्ति बहाल नहीं हो पाती है। उपभोक्ताओं को 24 से 48 घंटे तक बिजली कटौती का दंश झेलना पड़ता है। मगर अब इस समस्या से निपटने के लिए विभाग ने नई पहल की है। लाइन इन व लाइन आउट विधि के जरिए वह उपकेंद्र को जोडने वाली मेन लाइन को दूसरे उपकेंद्र से कनेक्ट कर देंगे। इसमें आधे से एक घंटे का समय लगेगा। लाइन इन व लाइन आउट की प्रक्रिया में विद्युत उपकरणों का भी इस्तेमाल किया जाएगा।
ऐसे में जब तक उपकेंद्र की खामी दूर नहीं हो जाती, तब तक दूसरे उपकेंद्र से आपूर्ति की जाएगी। अधिशाषी अभियंता चंद्रमा प्रसाद ने बताया कि लाइन इन व लाइन आउट के जरिए उपभोक्ताओं को अब राहत मिलेगी। आपूर्ति में दिक्कत नहीं आएगी।