बिजली कटौती से परेशान शहरियों के लिए राहत भरी खबर है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो रात में होने वाली कटौती से शहर मुक्त रहेगा। शहर को रात्रिकालीन बिजली कटौती से मुक्त करने के लिए जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी ने पहल की है। उन्होंने शनिवार को बिजली विभाग के अधिकारियों की बैठक के बाद एमडी पावर कारपोरेशन और कंट्रोल को पत्र भेजकर रात्रि कटौती से शहर को मुक्त करने का अनुरोध किया। यही वजह थी कि शनिवार रात में शहर की कटौती नहीं की गई।
गर्मी में लोग दिन तो किसी तरह बिता ले रहे हैं, लेकिन शाम की कटौती भारी पड़ रही है। रात में दो बार 8 से 11 और भोर में 4.30 से सुबह 7.30 की कटौती से लोग सो नहीं पा रहे हैं। कटौती का अधिवक्ता संगठनों के अलावा व्यापारियों ने विरोध किया था। अधिवक्ताओं ने डीएम को ज्ञापन सौंपा। 24 घंटे में बिजली सप्लाई में सुधार करने की मांग की थी। ‘अमर उजाला’ ने भी बिजली की समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया। शनिवार को डीएम अमृत त्रिपाठी ने कैंप कार्यालय पर बिजली विभाग के अधिकारियों की बैठक बुलाई। अधिकारियों ने कटौती और आपूर्ति का रोस्टर डीएम को बताया।
एक्सईएन प्रथम एसपी मिश्रा ने बताया कि बैठक में तय किया गया कि शहर में दिन का रोस्टर वही रहेगा। मगर रात को होने वाली कटौती से इसको मुक्त रखा जाए। शाम 7 बजे से भोर में 4 बजे तक शहर में कटौती न की जाए। डीएम ने इस आशय का पत्र एमडी कारपोरेशन लखनऊ को भेजा है। उन्होंने बताया कि डीएम की पहल का असर शनिवार की शाम को दिखा। रात 8 से 11 की कटौती नहीं की गई। फिलहाल अब शाम 7 से भोर में 4 बजे तक लाइट मिलने की पूरी उम्मीद है।