सदर तहसील के लोहिया समग्र गांव महुआर का स्थलीय निरीक्षण मंगलवार को डीएम अमृत त्रिपाठी ने किया। इसमें कई खामियां मिलीं। डीएम ने आशा व सुपरवाइजर सहित एएनएम को हटाने के निर्देश दिए। शौचालय व लोहिया आवास सहित बिजली आपूर्ति के समय की बाबत लोगों से पूछताछ की।
गांव में कई अधूरे शौचालयों को देख उनका पारा चढ़ गया। डीपीआरओ कुंवर सिंह यादव को फटकार लगाते हुए कहा कि अविलंब निर्माण कराएं अन्यथा उनके खिलाफ वह कार्रवाई करेंगे। आवास निर्माण की स्थिति भी बदतर मिली। 51 आवासों का काम चल रहा था। शेष के खाते में धनराशि अब तक नहीं पहुंची। इस मामले की जांच कराने का निर्देश पीडी को दिया। खुली बैठक में डीएम ने ग्रामीणों से विकास की स्थिति के बारे में पड़ताल की। इसके बाद प्राथमिक विद्यालय के बच्चों से महामहिम राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी व महामहिम राज्यपाल राम नाईक का नाम पूछा। एक भी बच्चा इनका नाम नहीं बता सका तो बताने के लिए शिक्षकों से कहा।
अध्यापक भी सही उत्तर नहीं दे सके। नाराज डीएम ने बीएसए को निर्देश दिया कि वह शिक्षिकाओं को दूर-दराज स्थानांतरित करें। ग्राम पंचायत अधिकारी अनुपस्थित था। लापरवाही देखते हुए उसे निलंबित करने व बीएसए से स्पष्टीकरण मांगने का निर्देश विभागीय अधिकारी को दिया। सरकार की योजना मातृ शिशु सुरक्षा पोषण के बारे में लोगों से पूछा। एक भी महिला या पुरुष इस योजना के बारे में उन्हें नहीं बता सका। स्वास्थ्य विभाग की जागरूकता में लापरवाही देख आशा बहू, सुपरवाइजर, एएनएम को हटाने का निर्देश दिया। डीएम को बताया गाय कि 38 लोगों को समाजवादी पेंशन मिल रही है। शेष के खाते में पैसा नहीं पहुंचा। इस बात की जांच के लिए समाज कल्याण अधिकारी प्रवीण सिंह को निर्देश दिया।