रायबरेली के ऊंचाहार में हुए सामूहिक हत्याकांड पर मचे घमासान के बीच बुधवार को बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्र ने प्रदेश की भाजपा सरकार के कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्या पर करारा हमला बोला। सामूहिक नरसंहार में मारे गए लोगों को अपराधी बताने संबंधी बयान का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि स्वामी प्रसाद पहले अपने बेटे को अपराधी घोषित करें। उनके बेटे के खिलाफ 20 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। बसपा नेता ने भाजपा को भी कठघरे में खड़ा किया। कहा, देवी-देवताओं को गाली देने वाले नेता को लेकर भाजपा की खामोशी का कारण समझ से परे है।
जिले के संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के देवारा व पूरे पंडित भरतपुर में रायबरेली सामूहिक हत्याकांड में मारे गए लोगों के घर पहुंचकर बसपा नेता ने पीड़ित परिजनों को ढांढस बंधाया और उनके संघर्ष में साथ खड़े रहने का वादा किया। उन्होंने परिजनों को हर संभव मदद का भरोसा भी दिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के बेटे के ऊपर बीस से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। उन्हें हत्याकांड में मारे गए पूर्व प्रधान रोहित शुक्ला समेत अन्य लोगों को अपराधी बताने से पहले अपने बेटे को अपराधी घोषित करना चाहिए। ऐसी बयानबाजी करने वाले मंत्री के खिलाफ योगी सरकार को कार्रवाई करनी चाहिए, लेकिन सरकार खामोश है। जबकि बसपा मुखिया मायावती ने स्वामी प्रसाद को ओछी हरकतों के कारण पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था।
इस बीच एक ग्रामीण ने कहा कि जब ऐसे मंत्री का बचाव डिप्टी सीएम कर रहे हैं, तो उस पर कार्रवाई कैसे होगी। पूर्व मंत्री अनंत मिश्र ने कहा कि पूरा बसपा परिवार पीड़ित परिवार के साथ है। बसपा सुप्रीमो ने घटना को संज्ञान में लिया है। बसपा के लोग हमेशा आते-जाते रहेंगे और परिवार के लोगों के सुख-दुख में साथ खड़े हैं। इस मौके पर पूर्व मंत्री नकुल मिश्र, पूर्व विधायक संजय त्रिपाठी, अखिलेश द्विवेदी, अभिषेक मिश्र, दिवाकर तिवारी, आशीष तिवारी, विजय किशोर तिवारी समेत अन्य बसपा नेता करीब बीस मिनट तक देवारा और पूरे भरत में मृतक के परिजनों से मिलकर सभी को सांत्वना दी।