दिनभर में उमस और रात में हल्की सर्दी के कारण लोग बीमार पड़ रहे हैं। ओपीडी में तेज बुखार (हाईग्रेड फीवर), सर्दी-जुकाम, नाक, कान व गला के मरीजों की भरमार है। सोमवार को जहां 17 लोगों ने पंजीयन कराया था, वहीं मंगलवार को 19 सौ पंजीयन हुआ। पर्ची के लिए मरीजों और तीमारदारों की लंबी कतार लगी रही। वहीं, घंटोंं के इंतजार के बाद मरीजों को इलाज मिल सका।
सुखपालनगर के परभैयतामऊ की मालती पंजीयन कक्ष के बगल जमीन पर बैठी पर्ची कटने का इंतजार कर रही थी। उनकी बेटी कतार में लगी हुई थी। मालती ने बताया कि उन्हें एक घंटे से अधिक समय हो गया लेकिन पर्ची नहीं मिली। दहिलामऊ की संजू ने बताया कि फिसलने से उनके पैर में फैक्चर हो गया था। ओपीडी में काफी देर इंतजार के बाद उन्हें इलाज मिल सका।
मौसम के बदलाव से बीमार हो रहे लोग
मेडिकल काॅलेज के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ़ मनोज खत्री ने बताया कि इस समय मानसून सीजन की विदाई और ठंड का मौसम आने वाला है। जिससे दिन में उमस और शाम को मौसम सामान्य हो रहा है। तमाम लोग उमस के कारण रात के समय घर के बाहर या खुले में सो रहे हैं। वहीं एसी व कूलर चालू करके सोने से भी बीमारी लोगों को चपेट में ले रही है। ईएनटी के डॉ. पवन कुमार यादव ने बताया कि बदलते मौसम में फंगल इनफेक्शन तेजी से बढ़ा है। 40 फीसदी लोग कान दर्द की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। औसतन 200 मरीज कान, नाक व गले में टांसिल के आ रहे हैं।
वहीं मेडिकल कॉलेज में जांच के लिए मरीजों को स्ट्रेचर पर तीमारदार लेकर खड़े रहे। ओपीडी के बाहर खड़े तीमारदार डॉक्टरों का इंतजार करते नजर आए। वहीं पार्किंग के पास तीमारदार वृद्ध को लेकर खड़े दिखे। कुछ बुजुर्ग लोग पंजीयन कक्ष के सामने सीढि़यों पर बैठे रहे।
इनसेट
तिथि-ओपीडी में पंजीयन
19-1783
20-1814
21-1584
23-1781
24-1900