दिल के मरीजों को अब लिपोप्रोटीन टेस्ट के लिए निजी पैथालॉजी नहीं जाना होगा। जांच के नाम पर दो हजार रुपये नहीं खर्च करना पड़ेगा। जनवरी से मेडिकल कॉलेज में जांच शुरू हो जाएगी।
ह्दय रोगियों को ब्लड का थक्का जमने के बाद हार्ट अटैक पड़ता है। सही समय पर जांच और इलाज न होने के कारण मरीजों की जान चली जाती है। समय रहते जांच कर मरीजों का इलाज करने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन कमर कस लिया है। राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में इंट्रीगेटेड पब्लिक हेल्थ लैबोरेटरी सेंटर का संचालन जनवरी से शुरू हो जाएगा। सीएमएस डॉ. शैलेंद्र कुशवाहा ने बताया कि यहां पर ह्दय रोगियों की लिपोप्रोटीन टेस्ट के साथ ही थैलेसीमिया जैसे रक्त विकारों का पता लगाने के लिए इलेक्ट्रो फोरेसिस जांच और हिस्टोपैथालॉजी के साथ ही साइटोलॉजी जांच भी होगी। शुरूआती दौर में मरीजों को किसी प्रकार का शुल्क नहीं देना पड़ेगा। सीएमएस ने कहा कि इसके अलावा कई अन्य जांच मशीनें मिलने की उम्मीदें हैं। इससे मरीजों को काफी राहत होगी। जांच के लिए उन्हें प्रयागराज या फिर लखनऊ नहीं जाना पड़ेगा।