लालगंज तहसील में 2016 में तत्कालीन तहसीलदार ठाकुर प्रसाद से मारपीट के मामले में आरोपी अधिवक्ता एवं संयुक्त अधिवक्ता परिषद के पूर्व अध्यक्ष विकास मिश्रा ने मंगलवार को कोर्ट में सरेंडर कर दिया। जहां से कोर्ट ने उन्हें जेल भेज दिया।
तहसीलदार की तहरीर पर पुलिस ने आसिफ, अधिवक्ता संदीप सिंह, राव वीरेंद्र सिंह, विकास मिश्र के विरुद्ध हत्या का प्रयास, मारपीट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया था।
बीते तीन अक्तूबर 2024 को पुलिस ने संयुक्त अधिवक्ता परिषद लालगंज के अध्यक्ष संदीप सिंह व पूर्व अध्यक्ष राव वीरेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था।
अधिवक्ता संदीप सिंह को तीन दिन बाद ही न्यायालय से जमानत मिल गई थी। जबकि राव वीरेंद्र सिंह को अभी तक जमानत नहीं मिली है। वहीं आसिफ ने पहले ही गैंगेस्टर समेत अन्य धाराओं में जमानत करा ली थी। मंगलवार को संयुक्त अधिवक्ता परिषद के पूर्व अध्यक्ष विकास मिश्र ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया।